ठिठुरन बढ़ते ही जिले में बिजली चोरी के मामले में भी बढ़ने लगे हैं। दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम की विजिलेंस टीम की ओर से बीते एक सप्ताह में कुंडी डालकर बिजली चोरी के 52 मामले दर्ज किए गए। इसमें 48 केस ऐसे थे जिनमें लोग सुबह के समय पानी गर्म करने के लिए सीधे कुंडी डालकर बिजली चोरी कर रहे थे। निगम बिजली चोरों पर करीब 20 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है।
प्रत्येक साल सर्दी के चार महीनों में बिजली चोरी के केस बढ़ जाते हैं। इसका सबसे बड़ा कारण लोग पानी गर्म करने के लिए सुबह कुंडी डालकर बिजली चोरी करते हैं। लेकिन भूल जाते हैं कि पकड़ने पर 40 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जाता है। सात दिसंबर से लेकर 14 दिसंबर तक शहर में विजिलेंस की ओर 52 बिजली चोरी के केस बनाकर जुर्माना लगाया जा चुका है।
4 माह में 4 हजार का ज्यादा खर्च, लालच में भर रहे 40 हजार का जुर्माना
विजिलेंस जेई संदीप नेहरा ने बताया कि बीते सात दिन में 52 में से 48 बिजली चोरी के केस में पानी गर्म करने के दौरान चोरी पकड़ी गई है। ऐसे लोग चोरी के लिए सुबह साढ़े 4 से लेकर 6 बजे तक चोरी करते हैं। नेहरा ने बताया कि लोग लालच में मोटा जुर्माना भर रहे हैं। उन्होंने बताया कि शहर में दो किलोवाट हीटर के लिए सीधी कुंडी डालने पर 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाता है। जबकि गांव में यही जुर्माना करीब 20 हजार रुपये का होता है। उन्होंने बताया कि सर्दी के चार माह के दौरान यदि उपभोक्ता चोरी न करें तो महज 4 हजार रुपये ज्यादा बिल भरना पड़ता है। गांव में यह राशि महज दो हजार की है। चोरी के चक्कर में लोग फंस रहे हैं। ऐसे में जरूरी है कि चोरी न करें।
ऑपरेशन सर्कल ने एक माह में पकड़ी एक करोड़ की चोरी
दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के सर्कल अधीक्षक अभियंता मनोज यादव ने बताया कि ये बात सही है कि ठंड के मौसम में चोरी के केस बढ़ जाते हैं। उन्होंने बताया कि एक माह के दौरान निगम की ओर से करीब एक करोड़ रुपये की चोरी के मामले पकड़े जा चुके हैं। निगम की ओर से अभियान चलाया जा रहा है। ऐसे में चोरी करने की बजाय ईमानदारी से बिजली का उपभोग करें तो उपभोक्ताओं के लिए ही फायदेमंद होगा।