अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी। उपायुक्त अशोक कुमार शर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिये है कि गर्मी के मौसम में पानी व बिजली की कमी न रहे इसके लिए व्यवस्था की जाए। गर्मी के मौसम में कोई भी पानी और बिजली के लिए परेशान नहीं होने चाहिए। बिजली व पानी की सभी को गर्मी के मौसम में आवश्यकता होती है। वह वीरवार को जिला सचिवालय में सिचाई, जनस्वास्थ्य विभाग और बिजली विभाग के अधिकारियों की बैठक ले रहे थे।
उपायुक्त ने जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा वर्तमान में कुल कितने एमएलडी पानी का भंडारण है, प्रतिदिन शहर में सप्लाई होने वाले पानी का रोस्टर, प्रतिदिन गांव में सप्लाई होने वाले पानी का रोस्टर, पानी भंडारण टैंक की सफाई, टैंकर से पानी की सप्लाई, नल के ऊपर टूंटी लगी है या नहीं, अवैध कनेक्शन, पानी की समस्या के बारे में कंट्रोल रूम स्थापित करना व फोन नंबर प्रदर्शित करना, आम जन द्वारा की जाने वाली शिकायतों के समाधान की समीक्षा की। उन्होंने दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम से प्रतिदिन शहर में सप्लाई होने वाली बिजली का रोस्टर, प्रतिदिन गांव में सप्लाई होने वाली बिजली का रोस्टर, बिजली की समस्या बारे कंट्रोल रूम स्थापित करना व फोन नंबर प्रदर्शित करना, आम जन द्वारा की जाने वाली शिकायतों के समाधान बारे समीक्षा की। उपायुक्त ने सिंचाई विभाग द्वारा नहरों की सफाई, नहरों में आने वाले पानी का रोस्टर, नहरी पानी का भंडारण, लोगों द्वारा नहरों में नहाने पर रोकथाम, जेएलएन पर धारा 144 लागू करना तथा क्लॉक वाइज चेकिंग, तालाबों व जोहड़ों में पानी की आपूर्ति की समीक्षा की। नगर परिषद व नगरपालिका द्वारा सार्वजनिक स्थल पर प्याऊ लगाने, शहर के मुख्य नालों की सफाई व्यवस्था बारे भी विस्तार से समीक्षा भी की।
पानी के टैंकों की सफाई के निर्देश दिए
उन्होंने जनस्वास्थ्य विभाग के अधीक्षक अभियंता को निर्देश दिये कि पीने के पानी के सभी टैंकों की सफाई उचित तरीके से होनी चाहिए तथा गर्मी के मौसम में किसी क्षेत्र में पानी की दिक्कत आये तो टैंकरों से पानी पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि सिंचाई विभाग के साथ मिलकर पानी की व्यवस्था करें। बैठक में बताया गया कि शहरी क्षेत्र में 135 व ग्रामीण क्षेत्र में 70 एलपीसीडी की जलापूर्ति की जा रही है।
नहर में नहाने पर पाबंदी लगे
उपायुक्त ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि नहर में कोई न नहाए, इसके लिए साइन बोर्ड लगवाये जाएं तथा नहर में नहाने वाले लोगों से सख्ती से निपटा जाए। सिंचाई विभाग, पुलिस, सरपंच, नंबरदार की कमेटी बनाकर नहर पर पहरा लगाया जाए ताकि कोई नहर में नहा न सके।
इन स्थानों को किया चिह्नित
जेएलएन से लगते गांव के प्वाइंट नामत: भाकली, कोसली, करनावास, मुरलीपुर, गुडियानी, जाटूसाना, लाला, नैनसुखपुरा, ढोहकी, किशनगढ बालावास, घासेडा, लिसाना, गिंदोखर, बीकानेर, लिसाना- गोकलगढ, गोकलगढ-ढोहकी, कुम्भावास, रेवाड़ी सिटी, काकोडिया, गुरकावास, रामगढ बुडानी, बुडाना, कालाका, माढैया कलां, कोनसीवास, माजरा गुरदास, कोनसीवास-साल्हावास, बैरियावास-शहबाजपुर, लालपुर, ढयोढई, आसलवास, पातुहेडा, नंगली रायपुर, मुसेपुर, बेरली खुर्द, नांगल, चौकी नंबर 11, औलांत, बुडौली, लाधुवास-भोतवास, खेडा आलमपुर, चांदनवास पर कमेटी द्वारा निगरानी रखने को कहा।
उपायुक्त ने सिंचाई विभाग के एसई को निर्देश दिए कि गांवों में जो भी जोहड़ व तालाब है उनको भरने की व्यवस्था की जाए। जिला में कुल 843 जोहड़ व तालाब है । जिसमें से 225 जोहड़ दूषित पानी के और 272 जोहड़ साफ पानी के भरे हैं। 346 जोहड़ सूखे पडे़ है। 346 जोहड़ों में से 237 जोहड़ नहरों द्वारा भरे जा सकते है। फिलहाल 41 जोहड़ नहर द्वारा भरे हुए है। उपायुक्त ने नगर परिषद रेवाड़ी व नगरपालिका धारूहेड़ा व बावल के अधिकारियों को निर्देश दिये कि गर्मी के मौसम में प्याऊ लगाने के लिए जगह चिह्नित करें। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त प्रदीप दहिया, एसडीएम अल्का चौधरी, नगराधीश रविन्द्र यादव, डीडीपीओ एसी कौशिक, सिंचाई विभाग के एसई प्रदीप, बिजली विभाग के एसई मनोज, जनस्वास्थ्य विभाग के बीडी भांकर, लोक निर्माण विभाग के एसई अशोक कुमार, तहसीलदार मनमोहन, नगर परिषद रेवाड़ी एमई अजय सिक्का, नगरपालिका धारूहेड़ा एमई नवल किशोर, नगरपालिका बावल के सचिव कर्मवीर भी उपस्थित थे।