रेवाड़ी। पुलिस ने वर्ष 2025 में अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में सुधार किया है। एसपी कार्यालय की तरफ से जारी आंकड़ों के अनुसार जिले में कुल अपराधों में 18.6 प्रतिशत की कमी आई है, जबकि महिलाओं के विरुद्ध अपराधों में 44 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।
वर्ष 2024 में रेवाड़ी में कुल 3932 आपराधिक मामले दर्ज किए गए थे, जबकि वर्ष 2025 में यह संख्या घटकर 3201 रह गई। यहां कुल 731 मामलों की कमी दर्ज की गई। पुलिस की वर्कआउट दर 68.1 प्रतिशत और गिरफ्तारी दर 105.9 प्रतिशत रही।
व्यक्तिगत अपराधों की श्रेणी में भी कमी देखी गई। वर्ष 2024 में ऐसे 1151 मामले दर्ज हुए थे, जबकि 2025 में यह संख्या घटकर 1070 रह गई, इसमें लगभग 7 प्रतिशत की कमी आई है।
हत्या के मामलों में मामूली वृद्धि (29 से बढ़कर 30) हुई, लेकिन पुलिस ने इन 90 प्रतिशत मामलों का सफल निपटारा किया। हत्या के प्रयास से जुड़े मामलों में 34.8 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई।
महिलाओं के विरुद्ध अपराधों में 44 प्रतिशत की गिरावट
महिलाओं के विरुद्ध अपराधों में वर्ष 2024 में जहां 366 मामले दर्ज हुए थे, वहीं वर्ष 2025 में यह घटकर 205 रह गए। इसमें 44 प्रतिशत की गिरावट आई है। दुष्कर्म के मामलों में 61.5 प्रतिशत की कमी, किडनैपिंग के मामलों में 71.4 प्रतिशत की गिरावट, 498ए (पति या ससुराल पक्ष द्वारा क्रूरता) के मामलों में 32.9 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। इन सभी मामलों की वर्कआउट दर 99.5 प्रतिशत रही।
संपत्ति से जुड़े अपराधों में गिरावट
संपत्ति से संबंधित अपराधों में भी स्पष्ट सुधार हुआ है। वर्ष 2025 में ऐसे 885 मामले दर्ज किए गए, जबकि 2024 में इनकी संख्या अधिक थी। इसमें 23.5 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
वाहन चोरी के मामलों में 7 प्रतिशत की कमी, सेंधमारी में 30 प्रतिशत की कमी, लूट के मामलों में तो 70.8 प्रतिशत की गिरावट देखी गई है।
आर्म्स एक्ट के मामलों में 51 प्रतिशत की वृद्धि
एनडीपीएस एक्ट के मामलों में 16.7 प्रतिशत की कमी, आर्म्स एक्ट के मामलों में 51 प्रतिशत की वृद्धि, जबकि एक्साइज एक्ट के मामलों में 17.6 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। इन सभी मामलों की औसत वर्कआउट दर 92.3 प्रतिशत रहा है।
आधुनिक तकनीक के उपयोग और जनता के सहयोग से अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण : एसपी
एसपी हेमेंद्र कुमार मीणा ने कहा कि पुलिस द्वारा निरंतर अभियान, आधुनिक तकनीक के उपयोग और जनता के सहयोग से अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण किया गया है। आने वाले समय में भी कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने तथा अपराधियों पर अंकुश लगाने के लिए ठोस कदम उठाए जाते रहेंगे। पुलिस का यह प्रदर्शन जिला प्रशासन, पुलिस बल और नागरिक सहयोग के समन्वय का परिणाम है। जिले में सुरक्षा और शांति बनाए रखने के लिए यह प्रतिबद्धता आगे भी जारी रहेगी।