रेवाड़ी। जिले में मंगलवार को शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित सुपर 100 की परीक्षा में रजिस्टर्ड 1898 में से 1858 छात्रों ने 6 केन्द्रों में परीक्षा दी। जिसमें रेवाड़ी गर्ल्स स्कूल में 278, बावल स्कूल में 409, कोसली स्कूल में 331, जाटूसाना स्कूल में 257, खोल स्कूल में 269, रेवाड़ी बॉयज स्कूल में करीब 308 बच्चों ने परीक्षा में भाग लिया। छह केंद्रों में 40 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे।
जिला अधिकारी नसीब सिंह ने बताया कि यह सुपर 100 परीक्षा मिशन के पहले लेवल की एग्जाम है। इसके बाद दूसरे स्तर की परीक्षा 22 फरवरी को आयोजित होनी है। इस परीक्षा में भाग लेने वाले विद्यार्थियों का प्रतिशत अव्वल है। उन्होंने बताया कि जल्द इसके परिणाम भी घोषित किए जाएंगे। निर्धारित 6 परीक्षा केंद्रों पर छात्र 12.30 बजे तक पहुंच चुके थे, जिनकी परीक्षा 1 बजे से शुरु कराई गई। हालांकि छात्रों को परीक्षा से 15 मिनट पहले ही प्रश्न पत्र वितरित किए जा चुके थे। गेट बंद करने का समय 12.30 बजे निर्धारित था, लेकिन ट्रैफिक जाम के चलते कुछ छात्र 12.55 तक गेट पर पहुंचे। इसके बावजूद भी स्टाफ सदस्यों द्वारा उन्हें भी प्रवेश देकर परीक्षा दिलाई गई। विद्यार्थियों ने बताया कि प्रश्न पत्र एकदम सरल था। कुछ प्रश्न बाहर से पूछे गए, ज्यादातर सवाल सिलेबस से ही आए थे। उन्होंने बताया कि परीक्षा में ज्यादातर सवाल सामान्य ज्ञान पर आधारित आए थे।
- निजी स्कूलों को टक्कर देंगे छात्र
इस परीक्षा में 80 प्रतशित से अधिक अंक लाने वाले छात्रों को ही सुपर 100 मिशन के तहत निशुल्क कोचिंग सुविधा दी जाएगी। शिक्षा अधिकारी नसीब सिंह ने बताया कि इस मिशन से अब सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र भी लाभ मिलेगा और यह छात्र भी अब निजी स्कूलों के छात्रों को टक्कर देंगे। शिक्षा विभाग संकट से उबारने के लिए सुपर-100 छात्रों को तैयार करेगा। इन्हें सरकारी स्कूलोें से चुना जाएगा। ये वे छात्र होंगे, जिनका परीक्षा परिणाम पहले से बेहतर रहा है। उन्हीं पर विशेष मेहनत कर उन्हें शहर में अव्वल बनाया जाएगा।