कोसली। सरकार की ओर से पंचायतों के विकास कार्यों को ई-टेंडरिंग के माध्यम से कराने के विरोध में नाहड़ खंड के सरपंचों की ओर से दिया जा रहा धरना खंड कार्यालय में 29वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान सरपंचों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
सरपंच एसोसिएशन के संरक्षक पहलाद सिंह सहादतनगर ने आरोप लगाया कि सरकार ई-टेंडरिंग सरपंचों पर थोप रही हैं। पंचायत मंत्री देवेन्द्र बबली ई-टेंडरिंग के माध्यम से सीधा अपनी जेब भरना चाहते है। एसोसिएशन प्रधान महेंद्र सिंह ने कहा कि सरकार विकास कार्यों को ठप करना चाहती हैं। सरकार सरपंच का हस्तक्षेप नहीं चाहती जिससे सरपंच को चौकीदार बनाकर छोड़ दिया है। वहीं एसोसिएशन महासचिव आशीष प्रजापति नेहरुगढ़ ने कहा कि सरकार अपने चहेतों को टेंडर देकर उनकी जेब भरना चाहती हैं, सरपंचों ने कोसली विधायक के घर का घेराव करके उनको ज्ञापन देकर चेताया था कि सरपंच एसोसिएशन के बैनर के नीचे पूरे जिला के खंडों के सरपंच एक हैं और सरकार को समय रहते उनकी मांगे मान लेनी चाहिए अन्यथा आने वाले चुनाव में इसका नुकसान उठाने को पार्टी तैयार रहें। उपाध्यक्ष श्याम यादव सरपंच भाकली ने कहा कि सरकार रिकॉल का कानून सरपंचों पर ही क्यों लागू कर रही है। सरकार यह कानून पहले अपने ऊपर लागू करे। उन्होंने कहा कि सरकार हम पर ही तरह-तरह के कानून लगा कर परेशान कर रही है जबकि हम भी विधायकों की तरह से चुने हुए नुमाइंदे है जनता ने ही हमें चुना है। इस अवसर पर कोषाध्यक्ष अजीत जुड्ड़ी, विक्रम झाल, राकेश गढ़ी, सज्जन मुमताजपुर, साधुराम नया गांव, मनोज नठेड़ा, रामकिशन कोसली, रणबीर कोहाराड़, गोपीराम बव्वा, नरेंद्र गुड़ियानी सहित अन्य सरपंच मौजूद रहे।