फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लापता छात्रा मामला चुनाव में बनेगा मुद्दा, महापंचायत में 28 को होगा निर्णय

विज्ञापन
विज्ञापन
बावल। बावल उपमंडल के गांव मोहनपुर से 27 जून से लापता आठवीं कक्षा की छात्रा की बरामदगी नहीं होने के विरोध में बावल चौरासी के आह्वान पर जन स्वास्थ्य राज्य मंत्री डॉ बनवारी लाल के आवास के बाहर दिए जा रहे धरना स्थल पर रविवार को पंचायत का आयोजन किया गया। पंचायत में निर्णय लिया गया कि आगामी 28 अप्रैल को आंबेडकर पार्क में महापंचायत की जाएगी। बैठक में चुनावों को लेकर निर्णय लिया जा सकता है। उधर, करीब पंद्रह दिन पूर्व रहस्यमयी परिस्थितियों में लापता कक्षा बारहवीं की छात्रा के पिता ने भी पंचायत से मदद की गुहार लगाई। पीड़ित पिता ने आरोप लगाया कि पुलिस मामले में कार्रवाई नहीं कर रही है।
विज्ञापन

उल्लेखनीय है कि उपमंडल के गांव मोहनपुर से कक्षा नौवीं में पढ़ने वाली नाबालिग छात्रा 27 जून को रहस्यमयी परिस्थितियों में लापता हो गई थी। बावल पुलिस की ओर से इस मामले में गांव निवासी एक युवती को आरोपी बनाते हुए मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई थी, लेकिन छात्रा का कोई सुराग नहीं मिल पाया था। हालांकि ग्रामीणों की ओर से इस मामले में कई बार पंचायत करने के साथ ही धरना प्रदर्शन भी किया। बावल चौरासी के आह्वान पर जन स्वास्थ्य राज्य मंत्री डॉ बनवारी लाल के आवास के बाहर ग्रामीणों द्वारा अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया गया था, जिसे 201 दिन हो गए हैं।
रविवार को धरना स्थल पर ग्रामीणों की पंचायत का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता बावल चौरासी के प्रधान सुमेर जैलदार ने की। करीब तीन घंटे चली पंचायत में विभिन्न गांवों, संगठनों व राजनीतिक दलों के लोगों ने हिस्सा लिया। पंचायत में निर्णय लिया गया कि आगामी 28 अप्रैल को आंबेडकर पार्क बावल चौरासी की पंचायत का आयोजन किया जाएगा, जिसमें कठोर निर्णय लिया जाएगा। पंचायत में धरना स्थल पर लगाए गए टेंट को रात को अज्ञात व्यक्ति द्वारा उखाड़ दिए जाने पर भी रोष प्रकट किया गया।
विज्ञापन

एक और पिता ने की बेटी की बरामदगी की मांग
पंचायत में बावल निवासी एक व्यक्ति ने गुहार लगाई कि कक्षा बारहवीं में पढ़ने वाली उसकी बेटी को करीब 15 दिन पूर्व कस्बे का एक युवक बहला-फसला कर ले गया, जिसकी पुलिस को शिकायत भी दी जा चुकी है। लेकिन युवक प्रभावशाली परिवार से संबंध रखता है इसलिए पुलिस मामले में कार्रवाई करने से बच रही है। पीड़ित पिता ने पंचायत से गुहार लगाई कि उसकी बेटी को बरामदगी कराया जाए।
मुख्यमंत्री व मंत्रियों के कार्यक्रम का कर चुके है बहिष्कार
नाबालिग छात्रा की बरामदगी नहीं होने के विरोध में बावल चौरासी मुख्यमंत्री मनोहर लाल, उर्वरक एवं रासायन केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह व जनस्वास्थ्य राज्य मंत्री डॉ. बनवारी लाल के कार्यक्रमों का बहिष्कार किया जा चुका है। संघर्ष समिति के आह्वान पर स्थानीय जन प्रतिनिधियों के कार्यक्रमों का बहिष्कार चल रहा है।

सात माह से दिया जा रहा है धरना
छात्रा की बरामदगी को लेकर ग्रामीणों द्वारा अक्टूबर माह से बावल में अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया था। धरने को करीब सात माह हो गए है। हालांकि मंत्री डॉ बनवारी लाल भी धरना स्थल पर पहुंचकर पंचायत से माफी मांग कर धरना खत्म करने का आह्वान कर चुके है।
पांच बार हो चुुकी है पंचायत
क्षेत्र के लोगों ने नाबालिग छात्रा की बरामदगी के लिए तीन बार पंचायत व दो बार महापंचायत बुलाई जा चुकी है, लेकिन नाबालिग छात्रा का कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
तीन आरोपियों कके कराए जा चुके है नार्को टेस्ट
नाबालिग छात्रा के मामले की जांच कर रही क्राइम ब्रांच की टीम द्वारा मामले में आरोपी युवती के अलावा दो अन्य लोगों का नार्को टेस्ट कराया जा चुका है। हालांकि अभी तक नार्को की रिपोर्ट नहीं आई है। जबकि अधिकारियों द्वारा एक माह के अंदर जांच की रिपोर्ट आने की बात कही गई है।

पंचायत में ये रहे मौजूद
बावल नगर पालिका उपप्रधान चेतरात रेेवाड़िया, रामकिशन महलावत, रामचंद्र टीकला, सुमेर बनीपुर, राजबाला सांभ्ररिया, शेरसिंह, एडवोकेट चरण सिंह, ज्योति, रतन सैनी, ईश्वर महलावत, पार्षद दिनेश, संजय व बलबीर बनीपुर सहित अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें