स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूम से सीख रहे राजकीय स्कूलों के बच्चे
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी।
जिले के 17 राजकीय विद्यालयों में स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूम के माध्यम से बच्चों को शिक्षित किया जा रहा है, जिसके बेहतरीन परिणाम देखने को मिल रहे हैं। उपायुक्त पंकज ने बताया कि स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूम में 4 बाई 4 की टच स्क्रीन लगाई गई है जो कि नेटवर्क के साथ जोड़ी हुई, जिसके माध्यम से बच्चों व अध्यापकों को नई चीज सीखने का प्लेटफार्म मिल रहा है। इन स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूमों में प्रोजेक्टर लगे हुए हैं। सरकारी स्कूलों में आधुनिक क्लास रूम की शुरुआत एक पायलेट प्रोजेक्ट के रूप में की गई है, इनके माध्यम से शिक्षा को बच्चों तक पहुंचाने के लिए शुरू किए गए इन क्लास रूमों के काफी अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। जिन शिक्षकों तक बच्चे कभी पहुंच नहीं सकते थे। उनसे बच्चों को सीखने का मौका मिल रहा है।
उपायुक्त ने बताया कि रेवाड़ी खंड के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रेवाड़ी, बुढ़पुर, गोकलगढ़, ततारपुर इस्तमुरार राजकीय विद्यालय, खोल खंड के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पीथड़ावास, मंदौला, कुंड, जाटूसाना खंड के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बोडिया कमालपुर, जाटूसाना, करावरामानकपुर, नाहड़ खंड के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय गुडियानी, नेहरूगढ़, नाहड़, लूलाअहीर, बावल खंड के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बनीपुर, बगथला व बावल को स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूम सुविधा से जोड़ा गया है।
उपायुक्त ने बताया कि स्मार्ट वर्चुअल क्लास रूम वीडियो कांफ्रेंसिंग जैसा है। इसकी विशेषता यह है कि इनमें दोनों पक्ष समान रूप से भाग ले सकते हैं। एक कक्ष में कैमरे लगाए हुए होते हैं और प्रत्येक विद्यार्थी के पास माइक सिस्टम के साथ-साथ इंटरएक्टिव बोर्ड होता है। विद्यार्थी विषय से संबंधित विशेषज्ञों से सवाल जवाब कर सकते हैं तथा अध्यापक प्रोजेक्टर व इलेक्ट्रोनिक पैन के माध्यम से बच्चों को पढ़ाते हैं। बुढपुर स्कूल के प्राचार्य आरके शर्मा ने बताया कि गणित व विज्ञान विषय के लिए यह क्लास रूम वरदान साबित हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि टीचिंग व लर्निंग के लिए यह अति उत्तम हैं। इसके अतिरिक्त राज्य के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के लिए टैबलेट प्रयोगशाला और स्मार्ट कक्षाएं भी शुरू की जाएंगी ताकि बच्चे आधुनिक तकनीक से जल्द सीख सकें।