डिजिटल सिग्नेचर ने रोका चार विद्यालयों के स्टाफ का वेतन
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी। सेकेंडरी शिक्षा निदेशालय द्वारा जिले के स्कूलों को वेतन आहरण के लिए जारी डिजिटल सिग्नेचर डोंगल मुसीबत बन गए हैं। जिले में भेजे 247 डोंगल में से कइयों की त्रुटि तो ठीक कर दी गई है लेकिन चार स्कूलों के करीब 100 कर्मचारी वेतन को तरस गए हैं। इन विद्यालयों के स्टाफ को तीन माह से वेतन नहीं मिल रहा है। निदेशालय को पत्र भेजने के बाद भी इनका कोई समाधान नहीं हो पा रहा है। तीन माह से वेतन नहीं मिलने की वजह से स्टाफ के सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है। शिक्षक संगठनों ने समस्या का समाधान करने की मांग की है।
सेंकेडरी स्कूल शिक्षा निदेशक की तरफ से मार्च में जिले के 247 राजकीय स्कूलों को डीडी पॉवर के तहत डिजिटल सिग्नेचर डोंगल जारी किए थे। इन 247 डोंगल में से 11 स्कूलों के डीडी पॉवर वाले ही अधिकारी बदल दिए हैं जबकि कुछ मेल आईडी के साथ अन्य जानकारियां मिसमैच हो गई हैं। इसकी वजह से इन स्कूलों की तरफ से ये डोंगल वापस निदेशक कार्यालय भेज दिए थे। इन डोंगल को भेजे पूरा चार माह बीत चुका है लेकिन अभी तक डीडी पॉवर के ये डोंगल स्कूलों को वापस नहीं मिल पाए हैं।
बावल खंड के है चार स्कूल
जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के माध्यम से वापस भेजे डोंगल में से अभी भी बावल खंड के चार स्कूलों को डोंगल नहीं मिले हैं। जिनमें राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बधराना, राजकीय हाई स्कूल सुठानी, राजकीय हाई स्कूल धारण व राजकीय हाई स्कूल खिजूरी शामिल हैं। इन स्कूलों में लगभग 100 से अधिक कर्मचारी शामिल हैं जो कि डोंगल नहीं मिलने के कारण पिछले तीन माह से वेतन को तरस रहे हैं। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के माध्यम के साथ सीएम कार्यालय को भी पत्र भेजा जा चुका है बावजूद इसके अभी तक अपडेट हुए डोंगल नहीं मिल पाए हैं। शिक्षकों ने बताया कि वहां पर फोन से संपर्क करने पर बताया जाता है कि डोंगल अभी समाप्त हो रहे हैं जल्द ही भिजवा दिए जाएंगे।
-------------------
सेकेंडरी शिक्षा निदेशक कार्यालय को कई बार अवगत कराने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। तीन माह से वेतन नहीं मिलने से बहुत दिक्कत आ रही है इसलिए इस समस्या का त्वरित समाधान किया जाए। - हरीश यादव, जिला प्रधान हसला।