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Manu Bhaker: गांव में जीत का जश्न, हरयाणवी गीतों पर नाच रहे लोग, पोती को खास तोहफा देंगी दादी दया कौर

Sun, 28 Jul 2024 07:33 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर (हरियाणा)

सार

Paris 2024 Olympics : पेरिस ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने के बाद मनु भाकर के घर व गांव में जश्न मनाया जा रहा है। गांव गोरिया में दादी ने मनु को खास तोहफा देने की बात कही है। 
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मनु भाकर के गांव का माहौल। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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पेरिस ओलंपिक में शूटिंग प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीतने वाली मनु भाकर के गांव जश्न का माहौल बना हुआ है। बेटी के पदक जीतने के बाद परिवार और उनके गांव गोरिया में लोग खुशी मना रहे हैं। घर से लेकर स्कूल सहित पूरे गांव में डीजे बज रहे हैं। लोग हरियाणवी गीतों पर झूम रहे हैं।  

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फरीदाबाद में रहने वाले मनु के माता-पिता और गांव गोरिया में भी परिवार के सदस्य मनु के मैच पर टकटकी लगाए बैठे थे। गांव में रहने वाली मनु की दादी के घर में पोती के मैच को देखने की व्यवस्था की गई थी। मनु की दादी दया कौर भी जीत पर खुश हैं। दादी का कहना है कि मनु घर लौटने पर वह मनु को खास तोहफा देंगी। वह पोती को घर आने पर सोने की टूम औक चेन पहनाएंगी।

वहीं, परिवार के सदस्य, ग्रामीणों के अलावा मनु ने जिस स्कूल से 12वीं तक पढ़ाई की उस स्कूल के बच्चे भी घर पर मैच देखने के लिए पहुंचे थे। जैसे ही मनु ने पदक जीता तो परिवार के सदस्य खुशी से झूम उठे। 
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गोरिया गांव में दादी, चाचा, ताऊ व अन्य ग्रामीणों ने मिठाई बांटकर खुशी जाहिर की। ग्रामीणों ने परिवार के सदस्यों को फूल-मालाएं डालकर बधाई दी। मनु के स्कूल में विद्यार्थियों, शिक्षकों व परिवार के सदस्यों ने जमकर डांस भी किया। स्कूल के बच्चे गानों पर थिरकते नजर आए। 

टोक्यो ओलंपिक के बाद से कर रही थी तैयारी
पिता रामकिशन भाकर और मां सुमेधा भाकर ने कहा कि उनकी बेटी अपना शत-प्रतिशत खेली है। बेटी ने देश के लिए पदक जीता, जिस पर उन्हें नाज है। अभी और इवेंट्स भी होने हैं, जिसमें मनु गोल्ड जरूर जीतेगी। वह टोक्यो ओलंपिक के बाद से लगातार तैयारी कर रही थी। 

बेटी के खाने-पीने का रखते हैं ध्यान
मनु की मां का कहना है कि वह बेटी के खाने पीने का खाने का पूरा ध्यान रखती हैं। क्योंकि बेटी 12-12 घंटे खडे़ रहकर शूटिंग की प्रैक्टिस करती है। उसका पहला घर शूटिंग रेंज रहा है। हम भी दोपहर को मनु का खाना लेकर शूटिंग रेंज में जाते थे। वह घर पर केवल सोने आती थी। उसने 10 से 12 घंटे तक लगातार प्रैक्टिस की है। 

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