पानीपत। भैसवाल गांव में एक डेयरी में बिजली की तार लगा रहे युवक की करंट लगने से मौत हो गई। यह युवक डेयरी में काम करता था। परिजनों ने यहां डेयरी मालिक पर युवक से बिजली का गलत तरीके से काम कराने के आरोप लगाए। जिला नागरिक अस्पताल के डॉक्टरों ने हादसे के बारे में सेक्टर 13-17 थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए शवगृह में रखवाया। पुलिस ने परिजन के बयान पर शव का पंचनामा भर इत्तेफाकिया कार्रवाई की है। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया है।
भैसवाल गांव निवासी इंतजार (34) गांव में ही रामपाल की डेयरी पर काम करता था। पहले डेयरी की जगह पर फैक्ट्री थी। छह माह पहले फैक्ट्री को बंद कर दिया था। इंतजार का परिवार डेयरी के पीछे बने कमरे में रहता था। इंतजार डेयरी संचालक रामपाल का चालक भी था। दो बेटों व दो बेटियों का पिता इंतजार पिछले 10 साल से रामपाल के पास काम करता था। डेयरी के मुनीम पंकज ने बताया कि इंतजार के कमरे में दो दिन से बिजली नहीं आ रही थी। वह डेयरी से बिजली की तार अपने कमरे में लेकर जा रहा था। वह आठ फीट ऊंची दीवार पर चढ़कर लाइट का कनेक्शन कर रहा था। इसी वक्त उसको करंट लगा और वह दीवार से नीचे गिर गया। उसके हाथ में बिजली की तार थी। वह ग्रामीणों की मदद से इंतजार को बरसत रोड स्थित एक निजी अस्पताल में लेकर गया। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना डेयरी संचालक रामपाल को भी दी गई। चंदौली गांव निवासी रामपाल ने बताया कि वह डेयरी में नहीं था। वह अपने काम से बबैल गांव गया था। मुनीम पंकज ने उसे बताया कि इंतजार अपने कमरे में डेयरी से लाइट लेकर जा रहा था। उसके पीछे से यह हादसा हुआ है। वहीं दूसरी ओर परिजनों का कहना है कि रामपाल जबरदस्ती इंतजार से बिजली का काम कराता था। उसकी लापरवाही से यह हादसा हुआ है। अब पुलिस मामले की जांच कर रही है।
वर्जन-
सेक्टर 13-17 पुलिस थाना प्रभारी हिमांशु ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच होने के बाद ही मामला स्पष्ट हो पाएगा। जांच में जो भी दोषी होगा निश्चित तौर पर कार्रवाई होगी।