पानीपत। घायल हर्ष के सात मौजूद उसके परिजन।
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करंट लगने से झुलसे दोनों बच्चों के मामले में किशनपुरा चौकी पुलिस ने बिजली निगम सनौली रोड को पत्र भेजकर लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों की जानकारी मांगी है। बिजली निगम द्वारा दी जाने वाली जानकारी के बाद ही पुलिस आरोपी पाए जाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज करेगी। वहीं बच्चे के परिजन उसका इलाज करवाने के लिए उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में किसी डॉक्टर के पास ले गए हैं। जहां उनके बच्चे को ठीक होने में दो से तीन माह का समय लग सकता है। बच्चे के घर पर उनके पड़ोसियों और मिलने वालों का जमावड़ा पूरा दिन रहा। पार्क के पास रेलवे अंडरपास से लेकर पार्क तक अभी भी बिजली के तारों का मकड़जाल बना हुआ है। बिजली निगम ने हादसे के बाद लीपापोती करने के लिए सिर्फ जहां बच्चों को करंट लगा था, वहीं खंभा गड़वाया है।
गौरतलब है कि पिछले शनिवार को किशनपुरा के ही दो मासूम बच्चों को पार्क में खेलते समय करंट लग गया था। इनमें से 9 वर्षीय हर्ष गंभीर रूप से घायल हो गया था, जबकि उसको बचाने का प्रयास कर रहे उसके दोस्त आर्यन को मामूली जख्मी हुई था। परिजनों ने इस दुर्घटना का जिम्मेदार बिजली निगम की लापरवाही को बताया है। उनका कहना है कि उन्होंने कई बार बिजली निगम में तारों को ऊपर करवाने की शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई न हो पाई थी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पांच दिन बाद मामला तो दर्ज कर लिया था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की थी। इस पर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने बिजली निगम से लिखित में ड्यूटी में कोताही बरतने वालों या जिनकी ड्यूटी मौजूदा जगह पर थी जानकारी मांगी है। इसके बाद ही उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
लीपापोती कर 24 घंटे में खंभा तो लगाया, पर मिलने कोई नहीं आया :
वहीं पीड़ित परिवार का कहना है कि उनके बच्चों को ग्यारह हजार वोल्ट का तगड़ा झटका लगा था। गनीमत रही कि ठीक उसी समय लाइट चली गई और बच्चों की जान बच गई। लेकिन इस हादसे में 9 वर्षीय हर्ष गंभीर रूप से घायल हो गया। सूचना मिलते ही निगम अधिकारियों ने तुरंत वहां खंभा तो गाड़ दिया, लेकिन उनसे मिलने अब तक कोई निगम या प्रशासनिक अधिकारी नहीं आया। इससे परिजनों में खास रोष व्याप्त है।
किशनपुरा चौकी के एसआई इंद्र सिंह ने कहा कि हादसे में पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। आगामी कार्रवाई के लिए बिजली निगम के उच्च अधिकारियों से मौके पर ड्यूटी रहने वालों की जानकारी मांगी गई है। इसमें यह भी जानकारी मांगी है कि इस हादसे में लापरवाही किसकी रही थी। जवाब आने पर आरोपी मिलने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।