नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड के गोहाना रोड से विकास नगर जाने वाले रास्ते को बंद करने पर गुस्साए आधा दर्जन कॉलोनी और गांव के लोग मंगलवार को सड़कों पर उतर आए। सभी ने विकास नगर चौक पर ट्रैक्टर-ट्रॉली और पेड़ डालकर जाम लगा दिया। एनएफएल की अनदेखी के विरोध में सभी ने वहीं पर धरना शुरू कर दिया और नारेबाजी की। आक्रोशित लोगों ने करीब तीन घंटे तक जाम लगाया। मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने रास्ता खुलवाने का आश्वासन देकर लोगों को शांत किया। देर शाम दोपहिया वाहनों के आने-जाने के लिए रास्ता खोल दिया गया था। प्रशासन ने बड़े वाहनों के लिए तीन दिन का समय मांगा है। प्रदर्शनकारियों ने रास्ता न खोलने पर फिर से जाम लगाने की चेतावनी दी है।
वार्ड-14 स्थित विकास नगर, आसपास की कई कॉलोनी और गांव लोगों ने मंगलवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे एनएफएल के लिए जाने वाले रास्ते पर विकास नगर चौक के पास ट्रैक्टर-ट्राली, बुग्गी अड़ाकर जाम लगा दिया। इससे एनएफएल कर्मियों को आने-जाने में परेशानी होने लगी। सुबह दस बजे पार्षद मंजू कादियान के पति रामचंद्र कादियान और कई गांव के सरपंच एनएफएल जीएम से मिलने पहुंचे, लेकिन जीएम ने उन्हें मिलने के लिए नहीं बुलाया। एनएफएल अधिकारियों ने डीसी और एसपी के साथ मीटिंग करने की बात कहीं। इस पर भड़के लोगों ने रोड को पूरी तरह से जाम कर दिया। इसकी जानकारी होते ही डीसी डॉ. चंद्रशेखर खरे, एसपी राजेश दुग्गल, एसडीएम विवेक चौधरी और तहसीलदार जीवेंद्र मलिक मौके पर पहुंच गए।
तहसीलदार ने 12:30 बजे प्रदर्शनकारियों को रास्ता खुलवाने का आश्वासन दिया। लेकिन, लोगों ने उनकी नहीं सुनी। प्रदर्शनकारियों ने 12:45 बजे पुलिया के नीचे बुग्गी खड़ी कर एनएफएल की ओर जाने वाले उस रास्ते को भी बंद कर दिया। इससे डीसी और एसपी की गाड़ी भी जाम में फंस गई। एसडीएम पानीपत विवेक चौधरी ने लोगों को रास्ता खुलवाने का आश्वासन दिया। साथ ही तीन दिन में समाधान का भरोसा दिया। लोगों की परेशानी को समझते हुए प्रशासनिक अधिकारियों ने एनएफएल प्रबंधन के साथ बैठक की। इसके बाद मंगलवार शाम को दीवार का एक हिस्सा तोड़कर दोपहिया वाहनों के लिए रास्ता खुलवा दिया। अधिकारियों ने बड़े वाहनों के लिए रास्ता देने के लिए 10 सितंबर तक का समय मांगा है।
एनएफएल के बंद रास्ता बंद करने की जानकारी मिली थी। हम मौके पर पहुंचे थे। प्रदर्शनकारियों को समझा दिया गया है। दोपहिया वाहनों के लिए शाम तक रास्ता खोल दिया गया है। कार और दूसरे वाहनों के आवागमन के लिए 10 सितंबर तक रास्ता बनवा दिया जाएगा। ग्रामीण और कॉलोनीवासियों को परेशानी नहीं होने दी जाएगी।
डॉ. चंद्रशेखर खरे, डीसी, पानीपत।