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Panipat News: करोड़ों की धोखाधड़ी करने वाला तीसरा आरोपी गिरफ्तार

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पानीपत। थाना पुराना औद्योगिक पुलिस ने मार्गदर्शक फाइनेंशियल सर्विसेस कंपनी में धोखाधड़ी कर करोड़ोंं रुपये के गबन के मामले में नामजद तीसरे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी छह साल से फरार था। उसने पुलिस के डर से सोमवार को कोर्ट में सरेंडर किया था। आरोपी की पहचान दीपक निवासी मुस्तफाबाद गांव, मथुरा के रूप में हुई।
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थाना पुराना औद्योगिक प्रभारी इंस्पेक्टर जाकिर हुसैन ने बताया कि आरोपी दीपक को पकड़ने के लिए पुलिस उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी। आरोपी ने पुलिस के डर से सोमवार को कोर्ट में सरेंडर कर दिया। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट से तीन दिन के पुलिस रिमांड पर हासिल किया। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपी से गहनता से पूछताछ करने के साथ ही उसके हिस्से में आई गबन की नगदी बरामद करने का प्रयास करेंगी।



इंस्पेक्टर जाकिर हुसैन ने बताया कि मामले में वह नामजद इसके दो साथी आरोपी रवि निवासी लहरा गांव, सोनीपत व रवि निवासी हथवाला गांव को पहले ही गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 5 हजार रुपये बरामद कर चुके हैं। दोनों आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। फरार दो आरोपियों को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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यह है मामला-
लखनऊ निवासी अनूप मिश्रा ने एसपी कार्यालय में जनवरी 2018 को दी शिकायत में बताया था कि वह मार्गदर्शक फाइनेंशियल सर्विसेस कंपनी में उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत है। कंपनी भारतीय रिजर्व बैंक अधिनियत के अंतर्गत पंजीकृत है। कंपनी का मुख्यालय यूपी के लखनऊ में स्थित है। कंपनी का मुख्य उद्देश्य गरीब व पिछड़े वर्ग की महिलाओं के छोटे छोटे समूह बनाकर उनको छोटे उद्योग के लिए ऋण देना है। पानीपत में एक शाखा असंध रोड पर आर्य नगर में स्थित है। पानीपत शाखा में नवंबर 2016 से जुलाई 2017 तक सुरेंद्र सिंह ढाकरे निवासी आगरा यूपी, फील्ड ऑफिसर दीपक निवासी मुस्तफाबाद मथूरा यूपी, रवि निवासी लहरा सोनीपत, कर्मसिंह निवासी फकीर माजरा यमुनानगर जुलाई से सितंबर 2015 तक और रवि निवासी हथवाला जनवरी 2016 से जुलाई 2017 तक नियुक्त रहे। इन आरोपियों ने समूह के फर्जी सदस्यों के फर्जी दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी कर कंपनी के करीब 4. 67 करोड़ रुपये का गबन कर लिया। कंपनी के आरएम और प्रबंधक ने इनके कार्यकाल की जांच करवाई गई तो फर्जीवाड़ा सामने आया।
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