पानीपत। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी और हवा की तेज रफ्तार से दिसंबर माह की शुरूआत में ही लोग ठिठुरने लगे हैं। सोमवार को हवा की रफ्तार तेज होने से दिन में भी ठिठुरन महसूस की गई। मौसम विशेषज्ञ ने बुधवार से न्यूनतम तापमान में कमी आने की संभावना जताई है।
दिसंबर माह की शुरूआत में ही खिली धूप के बाद भी दिनभर लोगों को हाथ-पैर ठिठुरने लगे हैं। सोमवार को पूरा दिन खिली धूप रही इसके बाद भी घरों के अंंदर जाते ही ठंड महसूस की गई। हवा की तेज रफ्तार होने से धूप भी बेअसर रही। सोमवार को अधिकतम 24 और न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हवा की रफ्तार 14 किलोमीटर प्रति घंटा रही। सुबह व शाम के समय आसमान में हल्की धुंध छाने लगी है जिससे वाहनों की रफ्तार प्रभावित हो रही है। ज्यादातर दोपहिया वाहन चालक आवाजाही के लिए अब बसों का सहारा लेने लगे हैं।
नौल्था निवासी राकेश ने बताया कि उसे सुबह नौ बजे पानीपत ड्यूटी पर पहुंचना होता है इसलिए वह घर से साढ़े आठ बजे से पहले ही बाइक पर निकला जाता था लेकिन सुबह-शाम ठंड बढ़ने से अब बाइक पर हाथ-पैर ठिठुरने लगते हैं। इसलिए वह अब पिछले एक सप्ताह से बाइक से न जाकर बस से आता-जाता है ताकि ठंड से बचा जा सके। कृषि विज्ञान केंद्र उझा के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आशीष कुमार ने बताया कि बुधवार से न्यूनतम तापमान और वीरवार से अधिकतम तापमान में कमी आने की संभावना जताई है। तीन दिन के बाद फिर से न्यूनतम तापमान बढ़ सकता है। ठंड बढ़ने से गेंहू की फसल का फुटाव अच्छा होगा जिससे पैदावार भी प्रभावित होगी।