पानीपत। राजकीय विद्यालयों में विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ जीवन कौशल के तरीके भी सिखाए जाएंगे। इसके लिए राजकीय विद्यालयों में पांच दिवसीय जीवन कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जाएगा, इसके तहत विद्यार्थियों को कुटीर उद्योग, हस्तशिल्प, जैविक खेती इत्यादि की जानकारी व प्रशिक्षण दिया जाएगा। जिले के 10 विद्यालयों में यह कार्यक्रम चलाया जाएगा।
यह कार्यक्रम हरियाणा विद्यालय शिक्षा परियोजना परिषद द्वारा कराया जा रहा है। इसमें माध्यमिक व वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों को शामिल किया गया है। इसके तहत छठी से आठवीं और नौवीं से 12वीं के विद्यार्थियों को जीवन कौशल प्रशिक्षण दिया जाना है, इसके लिए परिषद की ओर से प्रत्येक विद्यालय के लिए 10 हजार रुपये का बजट भी जारी किया है। परिषद ने प्रदेश के लिए कुल 23.80 लाख रुपये का बजट जारी किया है। इसके लिए प्रदेश के कुल 238 स्कूलों का चयन किया गया है। जिले के पांच शिक्षा खंडों से दो-दो कुल 10 विद्यालयों का चयन किया गया है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनने में सहायता करना और उन्हें रोजगारोन्मुखी सोच से जोड़ना है। प्रशिक्षण में विद्यार्थियों को हस्तशिल्प, घरेलू उद्योग, कुटीर उद्योग, जैविक खेती इत्यादि व्यवसायिक कौशलों की जानकारी दी जाएगी।
प्रशिक्षण में विशेषज्ञ विद्यार्थियों को इन क्षेत्रों में किए जा रहे काम और इससे जुड़ा प्रशिक्षण देंगे। इससे विद्यार्थी छोटे स्तर पर स्वरोजगार की संभावनाओं व मांग को समझ सकेंगे। यह जानकारी जीवनभर विद्यार्थियों के काम आने वाली है। इससे वे स्वरोजगार भी शुरू कर सकेंगे। पांच दिवसीय शिविर में ग्रामीण क्षेत्र की महिला रोल मॉडल से लड़कियों का संवाद करवाया जाएगा। इसका उद्देश्य छात्राओं को उच्च शिक्षा व जीवन का लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित करना है। विभाग का मानना है कि इससे समाज में लड़कियों के प्रति सोच बदलेगी।
इसके अलावा जीवन कौशल प्ररिशक्षण कार्यक्रम में स्वास्थ्य के प्रति छात्राओं को जागरूक भी किया जाना है। इसमें खासतौर पर लड़कियों में एनीमिया की बीमारी पर ध्यान दिया जाएगा। इसमें स्वास्थ्य विभाग के विशेषज्ञ विद्यार्थियों को एचआईवी के बारे में जागरूक करेंगे। इसके अतिरिक्त प्लास्टिक को खत्म करने और इसके विकल्प इत्यादि पर भी चर्चा की जाएगी।
इसमें विद्यार्थियों के सुझाव भी लिए जाएंगे। इससे वे प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक और पर्यावरण संरक्षण के प्रति गंभीर होंगे।