समालखा। समालखा थाना क्षेत्र के गांव गांजबड़ निवासी युवक ने अहर गांव के निवासी मां-बेटे और उनके साथियों पर डंकी रूट से अमेरिका भेजकर 32 लाख रुपये की ठगी करने के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि आरोपियों ने कानूनी प्रक्रिया के तहत अमेरिका भेजने का झांसा देकर 32 लाख रुपये लिए। इसके बाद उसे डंकी रूट से अमेरिका भेज दिया। वहां पहुंचते ही अमेरिका की सेना ने पकड़ कर उसे वापस भारत डिपोर्ट कर दिया था। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
गांजबड़ गांव के संदीप ने बताया कि जुलाई 2024 में उसकी मुलाकात अहर गांव के विशाल से हुई थी। विशाल और उनकी मां लक्ष्मी देवी ने भरोसा दिलाया कि वे उसे हवाई जहाज से सुरक्षित तरीके से अमेरिका भेज देंगे। वहां पहुंचने पर विशाल का दोस्त दीपक उसे अच्छी नौकरी दिलवा देगा। इस भरोसे में संदीप ने अलग-अलग तारीखों पर चेक व ऑनलाइन माध्यम से कुल 32 लाख रुपये आरोपियों को दे दिए।
इसके बाद आरोपियों ने कानूनी प्रक्रिया अपनाने के बजाय उसे डंकी रूट से अमेरिका भेज दिया। वहां पहुंचने पर उसे पकड़ कर भारत वापस डिपोर्ट कर दिया गया। भारत वापस आने पर उसने अपने पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने उसके फोन उठाने बंद कर दिए। इसके बाद वह उनके घर अहर गांव पहुंचा तो वहां उसे बंधक बनाकर जान से मारने की धमकी दी।
संदीप ने बताया कि उसने कुछ दिन पहले एसपी को प्रार्थनापत्र सौंपकर कार्रवाई की मांग की थी। एसपी के निर्देश पर समालखा थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी। समालखा थाना प्रभारी दीपक ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।