बस स्टैंड पानीपत में नानी के घर जा रहे सात वर्ष के बच्चे के पैरों पर निजी बस चालक ने बस चढ़ा दी। बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों ने बस चालक को धर दबोचा और धुनाई कर दी। बच्चे को गंभीर हालत में पानीपत सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना शनिवार दोपहर करीब डेढ़ बजे की है।
बस स्टैंड पर सात वर्षीय लकी अपनी मां सुनीता और ढाई वर्ष की बहन उपासना के साथ अपनी नानी के घर जा रहा था। उसकी नानी का घर करनाल में है। सुनीता की गोद में उपासना थी और लकी ने मां का हाथ पकड़ रखा था। तीनों पुल के नीचे बस का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान दिल्ली की ओर से आ रही बस में बैठने के लिए सुनीता बेटी और बेटे के साथ ही सड़क क्रॉस कर सिटी थाने की ओर चल पड़ी। इस दौरान तेज रफ्तार में निजी बस चालक आया और उसने लकी पर बस चढ़ा दी। बस का पहिया लकी के दोनों पैरों के ऊपर से गुजर गया। वह बुरी तरह घायल हो गया।
इतने में राहगीर और आसपास के लोग आ गए और बस को रोक लिया। मौके पर जमकर हंगामा हुआ और बस चालक को लोगों ने उतार लिया और जमकर धुनाई की। कुछ लोग लकी को लेकर सिविल अस्पताल भागे वहीं कुछ ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने पर बस चालक को उनके हवाले कर दिया। पुलिस ने बस को भी कब्जे में ले लिया। उधर, सिविल अस्पताल में लकी की मां का रो-रोकर बुरा हाल था। उन्होंने बताया कि दोपहर एक बजे लकी स्कूल से आया था, जिसके बाद उसे तैयार कर बेटी को लेकर करनाल में अपने मायके जा रही थी तभी हादसा हो गया। बस चालक लापरवाही से तेज रफ्तार में आया और बेटे के ऊपर बस चढ़ा दी।