पानीपत सेक्टर-11/12 चौकी पुलिस ने पोल्ट्री फार्म मालिक को दुराचार के नाम पर ब्लैकमेल करने के मामले का भंडाफोड़ कर आरोपी दंपति को 20 हजार रुपये के साथ रंगे हाथों दबोचा है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। अदालत ने दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
थाना चांदनी बाग के अंतर्गत सेक्टर 11/12 चौकी पुलिस ने बीती शाम को रुकसाना और उसके पति फिजू निवासी बंती खेड़ा शामली, उत्तरप्रदेश को ब्लेकमेलिंग के 20 हजार रुपये लेते रंगे हाथों काबू किया है।
सेक्टर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कोर्ट में पेश किया। अदालत ने दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। दोनों पर पोल्ट्री फार्म मालिक मोहम्मद इनाम पर दुराचार के आरोप लगाकर समझौते की एवज में तीन लाख रुपये लेने का आरोप है।
गौसली शाह हुडा निवासी मोहम्मद इनाम ने सेक्टर-11/12 चौकी प्रभारी किरण को शिकायत दी। उसने बताया कि वह मूलरूप से कैराना का रहने वाला है और डाडोला गांव में पोल्ट्री फार्म बनाया है।
उसे यहां पर काम करने के लिए कुछ लोगों की जरूरत थी, इसलिए अपने जानने वालों को इस बारे में अवगत कराया। 20-25 दिन पहले बंता खेड़ा निवासी फिजू और उसकी पत्नी रुकसाना उसके पास आए और हर माह 10 हजार रुपये के हिसाब से काम करना तय हुआ।
इसके कुछ दिन बाद रुकसाना ने उस पर दुराचार करने का आरोप लगा दिया और समझौता करने की एवज में तीन लाख रुपये की मांग की। उनके बीच यह रकम एंजल मॉल सेक्टर 11/12 की एल-मार्केट में देना तय हुआ।
उसने पुलिस को बताया कि उसके पास केवल 20 हजार रुपये हैं। चौकी प्रभारी किरण ने एएसआई सुरेश कुमार के नेतृत्व में टीम बनाई और रुकसाना व फिजू को रंगे हाथों काबू कर लिया।
भट्ठे के मालिक का चुकाना था कर्ज
जांच अधिकारी एएसआई सुरेश कुमार ने बताया कि पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में रुकसाना और फिजू ने खुलासा किया है कि भट्ठा मालिक का तीन लाख रुपये का कर्ज चुकाने के लिए यह सब ड्रामा रचा। वे पहले एक भट्ठे पर काम करते थे। उन्होंने भट्ठा मालिक से तीन लाख रुपये लिए थे और उनके पास कर्ज चुकाने के लिए पैसे नहीं थे। उन्होंने पोल्ट्री मालिक को निशाना बनाया और दुराचार के आरोप लगाकर समझौते की एवज में तीन लाख रुपये की मांग की।