पानीपत। जिले के उद्योगों की बड़ी संस्था द डायर्स एसोसिएशन को शनिवार को नया प्रधान मिल गया है। उद्यमियों ने नितिन अरोड़ा को सर्वसम्मति से एसोसिएशन का प्रधान चुन लिया है। उन्होंने उद्यमियों से सेक्टर की सुविधा, एसटीपी के पानी, कॉमन बाॅयलर, जेनसेट और शहर को एनसीआर से बाहर कराने की अधूरी मांगों को पूरा कराने के लिए यथासंभव प्रयास करने का वादा किया। भीम राणा ने पिछले दिनों इस्तीफा दे दिया था। हालांकि उनका इस्तीफा स्वीकार नहीं किया गया था।
द डायर्स एसोसिएशन की बैठक शनिवार देर शाम को जिमखाना क्लब में हुई। इसमें डायर्स एसोसिएशन के प्रधान को चुनने की बात रखी। निवर्तमान प्रधान ने भीम राणा ने नितिन अरोड़ा का नाम प्रधान पद के लिए मनोनीत किया। जिसे सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया गया। नितिन अरोड़ा ने सभी का आभार जताया और अपनी नई टीम जल्द ही बनाने की बात कही। बता दें कि डायर्स एसोसिएशन पानीपत में व्यापारिक संगठन में अहम एसोसिएशन में गिनी जाती है। इसमें 350 सदस्य हैं। डाइंग उद्यमियों का निर्यातकों सहित टेक्सटाइल उद्योग से जुड़े हर उद्यमी से संपर्क होता है। प्रशासन में भी इस एसोसिएशन की अच्छी पकड़ होती है। शहर का कुल कारोबार 75000 करोड़ रुपये है। जिसमें से 20 प्रतिशत कारोबार पर इस उद्योग का हिस्सा होता है। महत्वपूर्ण एसोसिएशन होने के कारण प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से लेकर प्रशासन की इस पर नजर रहती है। इस मौके पर रामप्रताप सिंह, शिव मल्होत्रा, राजेश जैन, नरेंद्र नरूला, भारत बांगा, अंकुर गुप्ता मौजूद रहे।
फ्लाइंग क्लब के भी हैं प्रधान
बता दें कि नितिन अरोड़ा फ्लाइंग क्लब के भी प्रधान हैं। वे टीम के साथ मिलकर जिले में अब तक 11 नैनो जंगल भी लगा चुके हैं। औद्योगिक नगरी को हरी-भरी बनाने के लिए उनकी टीम को जहां भी खाली जगह मिलती है, वहां पेड़-पौधे लगाने से नहीं पीछे हटते। नवनियुक्त प्रधान नितिन अरोड़ा के पर्यावरण प्रेमी होने के कारण जिले में फैक्टरियों से होने वाले पर्यावरण प्रदूषण में कमी आने की उम्मीद है। उद्यमियों का मानना है कि प्रधान पर्यावरण संरक्षण के लिए सरकार के समक्ष जल्द ही पर्यावरण हितैषी कुछ नई मांगे भी रख सकते है।
डाइंग उद्यमियों की समस्या रखेंगे
नितिन अरोड़ा ने कहा कि डाइंग उद्यमियों के सामने समस्या गंभीर है। वे सभी सदस्यों के साथ बातचीत करेंगे और प्रस्ताव बनाकर सरकार के सामने पेश करेंगे। उनकी हर समस्याओं के समाधान का पूरा प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कॉमन बॉयलर बड़ी मांग है। इसके अलावा जेनरेटर चलाने में छूट की मांग भी सरकार के सामने रखेंगे।