जिले में छठा बने ब्लाक सनौली खुर्द के पहले चुनाव में नन्हेड़ा गांव में पंचायत सर्वसम्मति से बना ली गई। सरपंच का ताज दसवीं कक्षा पास 32 वर्षीय रीना के सिर सजा है।
यहीं नहीं गांव में सभी दस पंचों पर भी सर्वसम्मति बन गई। इसके साथ ही नन्हेड़ा गांव की सर्वसम्मति से पंचायत बनाने वाली जिले की पहली पंचायत बन गई है।
गांव नन्हेड़ा में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के अंतर्गत तीसरे चरण में चुनाव होना था। बुधवार को सनौली खुर्द खंड के अंतर्गत आने वाले गांवों में नाम वापसी का आखिरी दिन रहा।
ग्रामीणों ने इस बार सर्वसम्मति से सरपंच व सभी दस पंच बनाने को लेकर पंचायत हुई। गांव के प्रत्याशियों ने अपने-अपने दावे पेश किए।
आखिर में पूरे गांव ने गांव के पूर्व सरपंच समर सिंह की पुत्रवधु रीना देवी पर सहमति जताई। सभी गांव के लोगों का समर्थन मिलने पर रीना देवी को गांव का सरपंच घोषित कर दिया।
वहीं पंचायत में तय अनुसार सरपंच पद के लिए नामांकन दाखिल करने वाली सुनीता व मंजू ने अपना नामांकन पत्र वापस ले लिया। गांव के पंच पद के सभी 10 वार्डों के पंच भी सर्वसम्मति से बना लिए गए।
पूर्व सरपंच गांव की चौधर संभालने में रहा सफल
नन्हेड़ा गांव का पूर्व सरपंच समर सिंह इस चुनाव में पंचायती चौधर अपने घर में ही बनाए रखने में कामयाब रहा। समर सिंह गांव के पहले सरपंच रहे हैं और इस बार शिक्षा की शर्त रखने पर उसने अपनी पुत्रवधु रीना देवी को सरपंच के लिए चुनाव मैदान में उतारा था।
समर सिंह के भाई समाजसेवी एवं यमुना सुधार समिति के प्रदेशाध्य रत्न सिंह रावल एडवोकेट हैं। उनके प्रयासों से ही बुधवार को गांव में पंचायत हुई और सरपंच को लेकर सहमति बनी।
मैं परिवार की बहू होने के साथ गांव की सरपंच भी
नन्हेड़ा गांव की सर्वसम्मति से सरपंच चुने जाने पर रीना देवी ने खुलकर अपने मन की बात कही। रीना देवी ने बताया कि वह दसवीं कक्षा पास है। वह आगे पढना भी चाहती थी, लेकिन पारिवारिक समस्याओं के चलते आगे की पढ़ाई नहीं कर सकी।
वह गांव के सभी लोगों के आशीर्वाद से सरपंच बनी है। वह अब परिवार की बहू होने के साथ गांव की सरपंच भी है। वह गांव में मार्यदा में रहकर सरपंची करेगी।
गांव में लड़कियों की उच्च शिक्षा को लेकर प्रयास करेंगी और किसी को भी अशिक्षित नहीं रहने दिया जाएगा। इसके लिए स्कूल अपग्रेड कराने के साथ गांव का चहूंमुखी विकास कराना प्राथमिकता रहेगी।
युवाओं को लिए खेल स्टेडियम बनवाया जाएगा। गांव में 36 बिरादरी को साथ लेकर भाईचारा कायम रखा जाएगा। उसको अपने दावों व संकल्पों पर पूरा भरोसा है।
कई जगह चौधर को लेकर बहा रहे पैसा
पंचायती राज संस्थाओं के अंतर्गत दूसरे चरण के चुनाव 17 व तीसरे चरण के चुनाव 24 जनवरी को हैं। द्वितीय चरण में समालखा व मतलौडा और तीसरे चरण में सनौली खुर्द व बापौली खंड में चुनाव है। कई गांवों में चौधर पाने को लेकर उम्मीदवार दिन-रात एक कर प्रचार प्रसार में लगे हुए हैं। कई जगह चौधर की जंग कांटे की है और उम्मीदवार पैसे को पानी की तरह बहाने में लगे हुए हैं।
यह है नन्हेड़ा गांव की पूरी पंचायत
सरपंच रीना देवी, वार्ड-एक से पंच इशपाल सिंह, वार्ड-दो पंच रामकुवार, वार्ड-तीन पंच पिंकी, वार्ड-चार पंच राजकुमार, वार्ड-पांच पंच उषा, वार्ड-छह पंच पूनम, वार्ड सात पंच रुबी देवी, वार्ड-आठ पंच इस्मपाल सिंह, वार्ड नौ पंच सुनील कुमार व वार्ड-10 पंच रविंद्र कुमार हैं।
गांव को मिलेंगे विकास के 11 लाख
प्रदेश सरकार द्वारा ग्राम पंचायत सर्वसम्मति बनाने पर 11 लाख रुपये देने की घोषणा है। इसमें सरपंच व उसके सभी पंच शामिल होते हैं। 10 वार्डों से अधिक वाले गांवों को पुरस्कार राशि ज्यादा मिलती है। नन्हेड़ा गांव को घोषणा अनुसार 11 लाख रुपये मिलेंगे। जिससे सभी वार्डों में बराबर-बराबर खर्च किया जा सकेगा।
नन्हेड़ा गांव में सरपंच व सभी दस पंचों पर सर्वसम्मति बन गई है। यह ग्रामीणों की अच्छी पहल है और ग्रामीणों ने एकजुटता का परिचय दिया है। सरपंच रीना देवी को बनाया गया है और उसके सामने सरपंच का पर्चा दाखिल करने वाली सुनीता व मंजू ने समर्थन में पर्चा वापस ले लिया है।
धर्मबीर सिंह, आरओ एवं आरटीए पानीपत।