पानीपत। मुख्यमंत्री मनोहर लाल सुबह नौ बजे गुरुद्वारा पहली पातशाही पहुंचे और माथा टेका। यहां से इसराना गुरुद्वारा में भी गए, जहां मत्था टेकने के बाद संगत को संबोधित किया। करनाल लोकसभा सांसद संजय भाटिया ने साध संगत की ओर से मुख्यमंत्री मनोहर लाल का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि पहली पातशाही गुरुद्वारा में मुख्यमंत्री का आगमन हुआ है। पानीपत की साध संगत ने महामारी में जी जान से लोगों की सेवा की है। साध संगत ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल, लोकसभा सांसद संजय भाटिया, राज्यसभा सांसद कृष्ण लाल पंवार, विधायक महिपाल ढांडा, विधायक प्रमोद विज का शिरोपा भेंट कर सम्मान किया।
पानीपत शहरी विधानसभा के विधायक प्रमोद विज ने बाबरपुर का नाम नानकपुर करने की सिफारिश की थी। नगर निगम सदन की बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव पेश किया गया था, जिस पर सभी की सहमति मिली थी। जिसे बाद बाबरपुर को नानकपुर के नाम से जाना जाएगा।
इस मौके पर पहली पातशाही से सरदार जगदतीश सिंह झिंडा, सरदार लखविंदर सिंह, सरदार गुरुचरण सिंह, सरदार हरविंदर सिंह लाडी, सरदार बलविंदर सिंह वड़ैच, सरदार सुखवीर सिंह, सरदार सुखदेव सिंह, सरदार मंजीत सिंह और इसराना साहिब गुरुद्वारा से बाबा दलविंदर सिंह खालसा, सुखप्रीत सिंह, अमनप्रीत सिंह हरप्रीत सिंह नरूला इत्यादि साध संगत उपस्थित रही। इसके साथ ही उपायुक्त सुशील सारवान, एसपी शशांक कुमार सावन, महापौर अवनीत कौर, भाजपा जिलाध्यक्षा डॉ. अर्चना गुप्ता, गजेंद्र सलूजा, रविंद्र भाटिया आदि मौजूद रहे।