पानीपत। सिविल अस्पताल में जेनरिक दवाओं की उपलब्धता के लिए प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र फिर से खोलने की तैयारी हो रही है। पहले इस केंद्र को बंद कर दिया गया था। स्वास्थ्य विभाग ने जनऔषधि केंद्र को अस्पताल के बाहर शिफ्ट करने के निर्देश दिए थे। केंद्र संचालक ने इस संबंध में उपायुक्त को शिकायत दी थी। अब उपायुुक्त ने लोगों की समस्या को देखते हुए डीजी हेल्थ को पत्र लिखकर जन औषधि केंद्र सिविल अस्पताल के अंदर ही खोलने की सिफारिश की है।
सिविल अस्पताल के ओपीडी ब्लाक में 14 जून 2019 को प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र खोला गया था। तत्कालीन एसडीएम वीना हुड्डा ने इसका शुभारंभ किया था। जिला रेडक्रॉस सोसायटी इसका संचालन कर रही थी। कुछ समय तक केंद्र चला और फिर डीजी हेल्थ ने इसे अस्पताल परिसर से बाहर शिफ्ट करने के आदेश दिए थे। पत्र में कहा गया था कि किसी संस्था को अस्पताल परिसर में स्थान नहीं दिया जा सकता है।
जेनेरिक दवाओं का 1.90 लाख ने उठाया था लाभ
प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र के आंकड़ों के मुताबिक जून 2019 से अब तक करीब 1.90 लाख मरीजों ने केंद्र से सस्ते दाम पर जेनेरिक दवा खरीदी। रोजाना करीब 500 लोग इस केंद्र से दवा आदि सामान खरीदने आते थे।
पचास फीसदी दवा का स्टाक
प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र की सूची में करीब 950 प्रकार की जेनेरिक दवाएं शामिल हैं। केंद्र के संचालक अंकित गोयल ने बताया कि फिलहाल केंद्र में करीब 500 तरह की दवा का स्टाक है। स्टाक कम-ज्यादा होता रहता है।
एचएमएससीएल के एमडी ने लिखा था पत्र
हरियाणा मेडिकल सर्विसेज कारपोरेशन लिमिटेड(एचएमएससीएल) के मैनेजिंग डायरेक्टर ने अक्तूबर 2018 को प्रदेश के सभी सिविल सर्जन के नाम पत्र भेजा था। इसमें सरकारी अस्पतालों में प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र खोले जाने की जानकारी दी गई थी। ऐसा ही एक पत्र डीजी हेल्थ को लिखा गया था। डीजी हेल्थ ने भी 11 नवंबर 2019 को इस बाबत सभी जिलों के सिविल सर्जन के नाम पत्र जारी किया था।
मुख्यालय के निर्देशों पर काम होगा
मुख्यालय से जो भी निर्देश मिले हैं, उन्हीं के अनुसार काम हो रहा है। अगर दोबारा जन औषधि केंद्र खोलने का निर्देश मिलेगा तो उसे लागू किया जाएगा।
डॉ. संजीव ग्रोवर, पीएमओ सिविल अस्पताल