माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश पीयूष शर्मा की फास्ट ट्रैक काेर्ट ने समालखा पुल के नीचे खड़ी नाबालिग काे लिफ्ट का झांसा देकर कार में दुष्कर्म करने के मामले में कैथल के पुंडरी की इंद्रा काॅलाेनी के बलदेव काे 10 साल कैद की सजा सुनाई है।
दाेषी पर 60 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न भरने पर एक साल की अतिरिक्त सजा काटनी पड़ेगी। आराेपी ने नाबालिग को नशीला पदार्थ पिलाकर एक रिसाेर्ट में किराये पर कमरा लेकर वारदात काे अंजाम दिया था। नाबालिग ने मेडिकल कराने से मना कर दिया था। इसमें 13 लोगों की गवाही की गई। इसके आधार पर काेर्ट ने सजा सुनाई है। डीडीए मुकेश रंगा ने बताया कि नाबालिग के साथ दुष्कर्म का मामला समालखा थाना पुलिस के अंतर्गत 20 फरवरी 2023 का है। एक महिला पुलिस काे शिकायत में बताया था कि उसकी 16 वर्षीय नाती चार फरवरी 2023 काे दाेस्त काे रुपये देने के लिए गई थी। वह समालखा पुल के नीचे खड़ी थी। बलदेव नाम के युवक ने उसे पानीपत जाने के लिए गाड़ी में बैठने की के लिए कहा तो वह उसके साथ गाड़ी बैठ गई। आरोपी ने उसे पानी में कुछ नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया उसे समालखा में एक रिसोर्ट में ले गया। यहां उसके साथ दुष्कर्म किया।
समालखा थाना पुलिस ने इसमें प्राथमिकी दर्ज कर ली थी। पुलिस नाबालिग काे मेडिकल कराने के लिए जिला नागरिक अस्पताल लेकर गई। उसने मेडिकल परीक्षण कराने से मना कर दिया। पुलिस ने नाबालिग की बाल कल्याण समिति में काउंसिलिंग कराई और काेर्ट में बयान दर्ज कराए।
पुलिस ने 20 अप्रैल 2023 काे कैथल के गांव पुंडरी की इंद्रा काॅलाेनी निवासी बलदेव काे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने दुष्कर्म के आरोप कबूल कर लिए थे। कोर्ट ने इस मामले में 13 लोगों की गवाही सुनी और इसके आधार पर फैसला दिया।