सनौली। गांव छाजपुर कलां में सोमवार को हुई ग्राम पंचायत की बैठक में ग्रामीणों ने बधाई के नाम पर कथित तौर पर जबरन और अधिक रकम वसूले जाने पर रोक लगाने का फैसला लिया। पंचायत ने सर्वसम्मति से तय किया कि बच्चे के जन्म या शादी-विवाह के अवसर पर किन्नरों को स्वेच्छा से अधिकतम 2100 रुपये तक की राशि ही बधाई या शगुन के रूप में दी जाएगी। इससे अधिक राशि देने वाले ग्रामीण को अतिरिक्त रकम के बराबर राशि गांव के दादा भूमिया-खेड़े में जुर्माने के तौर पर जमा करानी होगी।
सर्वसम्मति से पास हुआ प्रस्ताव
सरपंच राजेंद्र रावल की अध्यक्षता में हुई पंचायत में ग्रामीणों ने बधाई के नाम पर अधिक रकम मांगने और कथित अभद्र व्यवहार की शिकायतें रखीं। सरपंच ने कहा कि कई बार गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर बधाई के नाम पर अधिक रकम देने का दबाव बनाया जाता है। इससे परिवारों पर आर्थिक और मानसिक दबाव पड़ता है। इसी समस्या के समाधान के लिए ग्रामीणों ने यह सामूहिक फैसला लिया है, जिसे तत्काल प्रभाव से लागू करने का निर्णय किया गया।
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पंचायत में मौजूद ग्रामीणों ने प्रस्ताव का समर्थन करते हुए इसके पालन का संकल्प लिया। तय सीमा से अधिक राशि देने वाले व्यक्ति को अतिरिक्त रकम के बराबर राशि दादा भूमिया-खेड़े में जमा करानी होगी।
बैठक में भाकियू के पूर्व जिला प्रधान चूहड़ सिंह रावल, राजेंद्र पंवार, पूर्व जिला पार्षद प्रतिनिधि नरेश गोस्वामी और पूर्व सरपंच राजेश गोस्वामी समेत अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।