गांव बिंझौल में ब्लीच हाउस के पास रजवाहे में डूबने से मरे तीन मासूमों को न्याय दिलाने के लिए ग्रामीणों ने वीरवार की सुबह जीटी रोड पर जाम लगा दिया। विरोध कर रहे गांव वासियों पर पुलिस का कहर टूटा। उन पर लाठियां बरसा दीं गई, यहां तक कि महिलाओं को भी पुलिस ने नहीं बख्शा, एक महिला पर चार-चार पुलिसकर्मी लाठी बरसाते रहे। जाम को खुलवाने के लिए पुलिस प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे सात से आठ लोगों को अपनी गाड़ी में बैठाकर चले गए। जिसका ग्रमीणों ने विरोध किया। ग्रामीणों ने कहा कि यह विरोध करने पर पुलिस ने लाठी बरसाई। उधर, पुलिस का अपनी इस बर्बरता पर तर्क है कि ग्रामीणों में इंस्पेक्टर पर हमला किया, जिस पर कार्रवाई की गई। डेढ़ घंटे तक चले बवाल में लाठियों से पीटे जाने पर ग्रामीणों ने पथराव करना शुरू कर दिया, जिसमें 10 पुलिसकर्मी घायल हो गए। इसी पथराव में टैक्सी स्टैड पर खड़े 30 से अधिक वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। पुलिस की कार्रवाई में करीब 50 ग्रामीण घायल हुए। गुस्साएं ग्रामीणों ने कहास कि पुलिस का यह रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। न्याय के लिए उनका प्रदर्शन जारी रहेगा। पुलिसकर्मियों ने मृतक अरुण के पिता बिजेंद्र और मां सुनीता पर भी लाठियां बरसाईं।
इंस्पेक्टर पर हमला करने पर दिए गए कार्रवाई के आदेश: डीएसपी
ग्रामीणों को नेशनल हाइवे जाम नहीं करने के लिए एक घंटे तक समझाया गया, लेकिन ग्रामीणों ने एक नहीं सुनी। वहीं जब सीआइए-1 के प्रभारी राजपाल समझाने आए तो ग्रामीणों ने उनपर हमला कर दिया। जिसके बाद बल प्रयोग का आदेश दिया गया। पथराव में पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं। मौके से ट्रैक्टर ट्राली और दो बाइक बरामद की है। इसके साथ ही उपद्रवियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
- सतीश वत्स, डीएसपी मुख्यालय।
- ग्रामीणों ने पंचायत कर तीन दिन पहले ही प्रदर्शन का ले लिया था निर्णय
बिंझौल के ग्रामीण इसी मामले को लेकर तीन दिन पहले भी एसपी मनीषा चौधरी से मिले थे, ग्रामीणों को निराश होकर लौटना पड़ा था। जिसके बाद शाम को गांव में जाकर पंचायत की गई। जिसमें तय किया गया कि वीरवार को ऑल हरियाणा से कश्यप समाज संघर्ष समिति के साथ ही सभी समाज के लोग इकट्ठा होंगे और लघु सचिवालय के सामने जीटी रोड पर धरना प्रदर्शन करेंगे। इसी चेतावनी 21 सदस्यीय कमेटी ने पुलिस को दी थी।
दो यूनियन का भी मिला साथ
कश्यप समाज संघर्ष समिति के सदस्य व ग्रामीण एकजुट होकर पैदल मार्च के लिए सुबह करीब 10 बजे लघु सचिवालय के लिए चले। रास्ते में नगर पालिका कर्मचारी संघ व खेत मजदूर संघ के सैंकडो सदस्यों ने मिलकर ग्रामीणो का साथ दिया। जब गांव से चले तो उनकी संख्या करीब 150 से अधिक थी, वहीं जब वह लघु सचिवालय तक पहुंचे तो करीब 500 लोग हो चुके थे।
टैक्सी स्टैंड यूनियन की मुआवजे की मांग
पथराव फ्लाइओवर के नीचे खड़ी मिनी बस, गाड़ियों के शीशे टूट गए। कृष्णलाल की स्विफ्ट डिजायर, नितिन की स्विफ्ट, जोगिंद्र की ब्रेजा, संदीप की स्विफ्ट और ट्रक का अगला शीशा टूूटा। सामान्य अस्पताल के सामने खड़ी टैक्सी यूनियन के प्रधान सुभाष अहलवात की दो, अशोक कुमार की एक मिनी बस समेत आठ मिनी बसों के पिछले शीशे टूट गए। टैक्सी यूनियन के प्रधान सुभाष घायल भी हो गए। उनकी मांग है कि सरकार उन्हें मुआवजा दे।
- जाम लगने पर पुलिस ने किया रूट डायवर्ट-
ग्रामीणों ने जीटी रोड को दोनों ओर से बंद कर दिया था। जिससे करनाल दिल्ली हाइवे पर बाबरपुर मंडी तक जाम लग गया। वहीं दिल्ली से करनाल लेन पर सिवाह गढ़ी गांव तक जाम लगा। ट्रैफिक पुलिस ने पानीपत के सभी रूट को डायवर्ट किया।
महिला पर लाठी बरसाते चार पुलिसकर्मियों को वीडियो वायरल
सोशल मीडिया पर पुलिस के कहर का एक वीडियो वायरल हो गया, जिसमें चार पुलिसकर्मी एक महिला पर लाठी भांज रहे थे। लोगों ने कहा कि पुलिस ने धैर्य के साथ काम नहीं लिया।
इस प्रकार चला घटनाक्रम
सुबह 10 बजे ग्रामीण बिंझौल से चले।
10.30 पानीपत गोहाना रोड से जीटी रोड पर आए।
10.35 पर लालबत्ती पहुंचे, जहां दो युनियन ने साथ दिया।
10.50 पर लघु सचिवालय के सामने पहुंचे।
11.00 दोनों तरफ का जोड जाम किया।
11.20 पर तीन डीएसपी पहुंचे।
11.28 पर महिला व जवानो की पुलिसफोर्स पहुंची
11.40 पर वाटर कैनन टैंक पहुंचा।
11.44 पर जीटी रोड पर डीएसपी ने एसएचओ से मीटिंग की।
11.50 पर पुलिस ने आठ से 10 भीड़ के प्रधान को उठाया।
11.55 पर लाठीचार्ज हुआ।
12.00 जीटी रोड के जाम को खुलवाया गया।
12.30 बजे सामान्य अस्पताल में पुलिसकर्मी मेडिकल कराने पहुंचे।
4.30 बजे इंद्री के विधायक ने ग्रामीणो के साथ बैठक की।