पानीपत। नगर निगम ने संपत्तिकर की त्रुटियों का समाधान करने के साथ अब संपत्तियों के स्वयं सत्यापन के लिए अब हर शहरवासी के घर तक पहुंचकर उन्हें सुविधाएं देने का फैसला लिया है। इसके लिए नगर निगम ने अपने पांच क्लर्कों की अध्यक्षता में 26 वार्डों में 52 मोटिवेटर और सहायक कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई है। प्रति वार्ड में एक मोटिवेटर और एक सहायक को जाना होगा। जो हर घर की संपत्ति का ब्योरा लेगा। अगर इसकी जानकारी में कोई त्रुटि है तो उसकी त्रुटि दूर करवाने के लिए मौके से एनडीसी पोर्टल ऑनलाइन आपत्ति दर्ज कराएगा। जिसकी संपत्तिकर की जानकारी सही होगी उसकी संपत्ति का स्वयं सत्यापन करेगा। रोजाना हर कर्मचारी को कम से कम 50 संपत्तियों का स्वयं सत्यापन करवाना होगा। जिसकी विस्तृत रिपोर्ट शाम को अधिकारियों को जमा करवानी होगी। वहीं, अगर कोई शहरवासी स्वयं अपनी संपत्ति की गलत जानकारी पर ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करवाना चाहता है या स्वयं सत्यापन कराना चाहता है तो वह सीधे निगम के हैल्पलाइन नंबर 0180- 4060728 पर भी संपर्क कर सकता है।
जानकारी के अनुसार नगर निगम क्षेत्र के 26 वार्डों के सर्वे में करीब 1.85 लाख संपत्तियां मिली हैं। इनमें से अब तक केवल 28 हजार संपत्तियों का ही निगम अधिकारी स्वयं सत्यापन करा पाएं हैं। जब तक सभी संपत्तियों का स्वयं सत्यापन नहीं होगा तब तक सरकार के पास क्षेत्र की संपत्तियों का सटीक जानकारी और आंकड़े उपलब्ध नहीं होंगे। जब तक सटीक डाटा नहीं होगा तक प्रदेश भर में फैली इस समस्या का निवारण नहीं हो सकेगा। हालांकि इससे पहले भी निगम वार्ड वाइज कैंप लगाकर संपत्तियों का स्वयं सत्यापन का प्रयास कर चुका है। वहीं, नगर निगम में भी इसके लिए अलग से हैल्प डेस्क बनाया गया है। इसके बाद भी पूरे शहर की संपत्तियों का डाटा नहीं जुटाया जा सका है। स्वयं सत्यापन को लेकर सरकार भी सख्त है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए निगम ने अब डोर टू डोर का सर्वे करने का फैसला लिया है।
ये चार होंगे बड़े फायदे
शहर के लोगों को अपनी संपत्तियों की जानकारी दुरुस्त कराने के लिए निगम कार्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। वे घर बैठे ही निगम कर्मचारी से गलत जानकारी पर आपत्ति दर्ज करवा सकेंगे। दूसरा सही जानकारी का सरकार के पास भी सटीक रिकॉर्ड हो जाएगा। जो पिछले पांच साल के प्रयासों के बाद भी नहीं हो सका था। तीसरा संपत्ति के स्वयं सत्यापन से संपत्ति आईडी पर लॉक लग जाएगा। जिसे मालिक अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर के ओटीपी से ही खोल सकेगा। चौथा लोगों की गलत आईडी लिंक और डी लिंक की समस्या का समाधान भी हो जाएगा।
वर्जन:
घर-घर जाकर संपत्तियों की त्रुटियों पर ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करवाने के साथ स्वयं सत्यापन को लेकर निगम टीम को तैनात कर दिया है। हर कर्मचारी को 50 संपत्तियों का लक्ष्य दिया है। यानी रोजाना करीब 2600 संपत्तियों का स्वयं सत्यापन पूरा करवाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे लोगों को घर बैठे ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करवाने और स्वयं सत्यापन की सुविधा मिलेगी। ये काम बृहस्पतिवार से शुरू होगा।
कुलदीप राणा, क्षेत्रीय कराधान अधिकारी, नगर निगम।