दिनभर आसमान में छाई रही धुंध। संवाद
पानीपत। मैदानी क्षेत्रों में तीन दिन से धूप न निकलने से ठिठुरन बढ़ गई है। दो दिन से हल्के से मध्यम कोहरा छाया हुआ है। शीतलहर की रफ्तार 10 किलोमीटर प्रतिघंटा रहने से तापमान में एक-एक डिग्री की कमी आई। शीतलहर के कारण पूरे दिन लोग ठंड से ठिठुरते रहे।
पिछले वीरवार की सुबह बूंदाबांदी होने से जिले का एक्यूआई 179 पर आ गया है, ऐसे में लोगों को प्रदूषण से कुछ राहत मिली है। मौसम विशेषज्ञ ने न्यूनतम तापमान में कमी आने की संभावना जताई है। शीतलहर की रफ्तार से लोग पूरा दिन ठिठुरने लगे हैं। पिछले तीन दिन से धूप न निकलने से ठंड का असर बढ़ गया है। वीरवार को बूंदाबांदी होने से एक्यूआई में कमी आई है लेकिन ठिठुरन बढ़ गई है। शनिवार को अधिकतम व न्यूनतम तापमान में एक-एक डिग्री की कमी आई। अधिकतम तापमान 16 डिग्री और न्यूनतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हवा की रफ्तार 10 किलोमीटर प्रति घंटा रही। सुबह व शाम के समय हल्के से मध्यम कोहरा रहा जिससे वाहनों की रफ्तार कम हुई है और लोगों की जीवन अस्त-व्यस्त हो रहा है। कृषि विज्ञान केंद्र उझा के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आशीष कुमार ने बताया कि शीतलहर की रफ्तार बढ़ सकती है, इससे तापमान में कमी आने की संभावना है।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को ठंड से बचने के लिए एडवाइजरी जारी की है जिसके अनुसार लोगों को अपने व परिजनों के स्वास्थ्य का ध्यान रखना चाहिए। बच्चों व बुजुर्गों को जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलना चाहिए।
दिनभर आसमान में छाई रही धुंध। संवाद