माई सिटी रिपोर्टर पानीपत। दिल्ली कूच करने और इस दौरान किसानों पर बल प्रयोग करने के बाद संयुक्त किसान मोर्चा और भारतीय किसान यूनियन चढूनी एकजुट होने लगी है। दोनों की रविवार को चंडीगढ़ में बैठक होगी। इसमें पानीपत से कार्यकारी जिला प्रधान रामसिंह कुंडू भी शामिल होंगे। इस बैठक के फैसलों पर किसानों की नजर है। वहीं अंबाला में गिरफ्तार किसानों की शनिवार को भी जमानत नहीं हो पाई है। इनकी सोमवार को जमानत हो सकती है।
किसानों ने एमएसपी समेत अन्य मांगों को लेकर 13 फरवरी को दिल्ली कूच करने का फैसला लिया था। पंजाब के किसानों को शंभू और अन्य बॉर्डर पर रोक लिया गया था। प्रदेश के किसान इनके समर्थन में तैयार थे। भाकियू चढूनी के कार्यकारी जिला प्रधान राम सिंह कुंडू ने बताया कि किसान संगठन अपनी मांगों को लगातार ऊपर उठा रहे हैं। अब किसान संगठन एक मंच पर इकट्ठा होकर मांगों को मजबूती के साथ रखेंगे। किसान संगठन बैठक में लिए गए फैसलों अनुसार आगामी कदम उठाएगी।
किसानों की जमानत को लेकर वकीलों से संपर्क
भाकियू के पूर्व प्रधान चूहड़ सिंह रावल ने बताया कि अंबाला सेंट्रल जेल में बंद पानीपत के 24 किसानों की जमानत को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। शनिवार को भी वकीलों से संपर्क किया है। पहले किसानों के 10-10 लाख का मुचलका भरने की शर्त थी। सरकार ने विस में हंगामा मचने के बाद वापस ले लिया है। अब सोमवार को किसानों की जमानत को लेकर संपर्क किया जाएगा।