माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। अमरनाथ यात्रा के लिए पंजीकरण शुरू हो चुका है। पिछले पांच दिन से मेडिकल कराने वाले श्रद्धालुओं की जिला अस्पताल में भीड़ जुट रही है डॉक्टरों का कहना है कि श्रद्धालु अमरनाथ यात्रा से पहले अपनी जांच नहीं कराना चाहते। वह चाहते हैं कि उन्हें सीधा सर्टिफिकेट जारी किया जाए। आए दिन डॉक्टरों के साथ श्रद्धालुओं की बहस हो रही है।
कई श्रद्धालुओं की ईसीजी जांच में अमरनाथ यात्रा के लिए खरे नहीं उतरे। डॉक्टर ने उन्हें सटिफिकेट जारी न करने को कहा तो यहां जमकर बहस भी हुई। इमरजेंसी वार्ड में एक ईसीजी मशीन है। इसका इस्तेमाल इमरजेंसी में आने वाले रोगियों के लिए किया जाता है। अब यात्रा के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट लेने आ रहे श्रद्धालुओं की भी ईसीजी करनी पड़ रही है। ऐसे में यहीं की व्यवस्था चरमरा गई है। फिलहाल 510 लोगों को अमरनाथ यात्रा के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट जारी किया गया है। श्रद्धालुओं की जांच के लिए दो डॉक्टरों की ड्यूटी लगाई गई है।
इमरजेंसी वार्ड की महिला डॉक्टर ने बताया कि श्रद्धालु उनसे बहस कर रहे हैं। वह जांच कराना नहीं चाहते। अमरनाथ यात्रा के लिए मेडिकल फिटनेस बेहद जरूरी है। ऐसे में दिल रोग संबंधी मरीजों को इस यात्रा की अनुमति नहीं दी जा सकती। इमरजेंसी वार्ड की व्यवस्था भी बिगड़ रही है। अगर श्रद्धालुओं को ईसीजी कराने के लिए लिखते हैं तो बहस करते हैं। उन्होंने इस बारे में डिप्टी सिविल सर्जन को शिकायत भी दी है।
डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. शशि गर्ग ने कहा कि बिना जांच के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट जारी नहीं किया जा सकता। ईसीजी जरूरी है। अमरनाथ यात्रा काफी कठिन यात्रा है। वहां स्वास्थ्य जांच कराकर जाना ही उचित है। इसलिए श्रद्धालुओं से अपील है कि डॉक्टरों को परेशान न करें। अपनी जांच कराए।