पानीपत। बसंत नगर में दादा ने पोते की मौत से आहत होकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। दादा ने खुद को कमरे में बंद कर जहर खा लिया। अस्पताल में पहुंचने से पहले बुजुर्ग की मौत हो गई। तहसील कैंप चौकी पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को दे दिया है। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।
बसंत नगर निवासी 70 वर्षीय भजन सिंह वर्ष 2012 में थर्मल से रिटायर हुए थे। भजन सिंह के छोटे बेटे कृष्ण का बड़ा बेटा 12 वर्षीय प्रिंस किडनी की बीमारी से ग्रस्त था। परिजनों ने दो साल तक उसका कई अस्पतालों में इलाज कराया, लेकिन वह ठीक नहीं हुआ। 2020 में प्रिंस की मौत हो गई। प्रिंस की मौत के बाद से ही भजन सिंह मानसिक रूप से परेशान रहने लगे थे। वह रोज पोते को याद कर भावुक हो जाते थे।
वीरवार शाम को घर पर बड़े बेटे देवदत्त की पत्नी और दो बच्चे थे। कृष्ण और देवदत्त काम से बाहर गए थे। इसी दौरान भजन सिंह ने खुद को कमरे में बंद कर जहर निगल लिया। बच्चों ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। दरवाजा खोलने पर भजन सिंह बेड पर बेसुध हालत में मिले। परिजन उसको लेकर सिविल अस्पताल में आए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उनकी मौत के बाद पूरे परिवार में मातम छाया है।