शास्त्री कॉलोनी में पति ने दहेज में कार व 10 लाख रुपये न मिलने पर पत्नी की पीट कर हत्या कर दी। परिजनों ने बेटी के शरीर पर चोट के निशान देखकर पति समेत आठ पर हत्या का आरोप लगाते हुए शिकायत दी है।
समालखा की गांधी कॉलोनी निवासी बिजेंद्र शर्मा ने बताया कि उसकी तीसरे नंबर की बेटी रजना (23) की सात मई 2019 को शास्त्री कॉलोनी निवासी मोहित पुत्र हरिशचंद्र के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही बेटी को दहेज के लिए परेशान करना शुरू कर दिया था। बेटी रजना ने बताया था कि पति कार, ससुर हरिशचंद्र व देवर राहुल 10 लाख रुपये कीमत का प्लाट दिलाने, जेठ नीतेश, मोनू सोने की के कड़े, सास बिमला, जेठानी पूनम और ममता सोने की चेन की मांग कर रहे थे। जिसको वह देने में असमर्थ थे। मांग को पूरी न करने के लिए दामाद मोहित उसके साथ मारपीट करता था। बुधवार सुबह करीब साढे़ नौ बजे बेटी ने फोन किया और मां मीना को कहा कि पति उसके साथ मारपीट कर रहा है। उन्होंने उस समय गंभीरता से नहीं लिया। बेटी के पड़ोसी ने करीब साढे़ 12 बजे ससुराल से फोन किया कि बेटी की हालत गंभीर है, एंबुलेंस में अस्पताल लेकर गए हैं। जिसके बाद वह अस्पताल पहुंचे तो वह मृत मिली। उसके हाथ व पैर पर चोट के निशान थे।
ईंट भट्ठा में साझा चलता है कारोबार
मृतका रजना के पिता ने बताया कि उनका मोनू ईंटभट्ठा काकौदा और हरिओम ईंट भट्ठा माउटी में है। उनका आरोप है कि दामाद भट्ठों को अपने नाम कराने के लिए बेटी पर दबाव डालता था, लेकिन बेटी के विरोध करने पर उसके साथ मारपीट करता था। बेटी को धमकी देता था कि वह तेरे पिता व भाई को मारकर पूरी जमीन को अपने नाम करा लेगा।
बेटा पैदा हुआ तो पिता बोला, मेरा नहीं है, सुसर ने डीएनए टेस्ट के लिए तो माना
बेटी रजना का एक साढे़ चार माह का बेटा यूवी है। यूवी के पैदा होते ही दामाद मोहित ने उसे भी अपना बेटा मानने से इंकार कर दिया था। जिसके बाद उसने डीएनए टेस्ट कराने के लिए कहा तब जाकर मोहित ने कबूल किया कि यह बेटा उसका ही है। यहां तक की पहले भी उनकी दो से तीन पंचायत हो चुकी हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। शव को सामान्य अस्पताल में रखवा दिया है। वीरवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। हत्या की धारा 304-बी के तहत केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच शुरू कर दी है। -हरविंद्र सिंह, चांदनीबाग थाना प्रभारी।