खाद्य एवं सुरक्षा विभाग द्वारा करीब दो साल पहले शहर की दुकानों से खाने-पीने की चीजों के भरे गए सैंपलों पर कार्रवाई होना शुरू हो गई है। बुधवार को एडीसी कोर्ट द्वारा 2018-19 में लिए गए ऐसे छह सैंपलों पर दुकानदारों को करीब साढ़े तीन लाख रुपये जुर्माना लगाया है, जिसे कोर्ट द्वारा जल्द से जल्द भुगतान करवाने की हिदायत दी गई है।
इन दुकानदारों का किया जुर्माना
अधलखा मावा भंडार से 25 अक्तूबर 2018 को खोये का सैंपल लिया गया था, जिस पर अब डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
शिव मावा भंडार से 24 अप्रैल 2019 को पनीर का सैंपल लिया गया था, जिसे एक लाख रुपये का जुर्माना किया गया है।
होटल डी-ओलिव से 21 अगस्त 2019 को पनीर का सैंपल लिया गया था, जिसे 40 हजार रुपये का जुर्माना किया गया है।
एजेएमडी एग्रो फूड से 29 जुलाई 2019 को तेल का सैंपल लिया गया था, जिस पर कोई तिथि नहीं थी, जिसकी तिथि निकल चुकी थी, उसे 30 हजार रुपये का जुर्माना किया गया है।
बापौली स्थित ललित की दुकान से वर्ष 2019 में बर्फी का सैंपल लिया गया था, जिसे 15 हजार रुपये का जुर्माना किया गया है।
थर्मल स्थित राजकुमार की दुकान से खुले में बेचे जा रहे तेल का सैंपल लिया गया था, क्योंकि खुले में सरसों के तेल को नहीं बेचा जा सकता, उसे 10 हजार रुपये का जुर्माना किया गया है।
रिपोर्ट में कमी मिलने पर बुधवार को अतिरिक्त उपायुक्त की कोर्ट द्वारा उन पर करीब साढ़े तीन लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
- डॉ. शामलाल, अधिकारी, फूड एंड सेफ्टी पानीपत।