जींद के गांव बड़ौदा निवासी एक महिला ने अपने दो बच्चों के साथ पानीपत असंध रोड नहर नाका के पास दिल्ली पैरलल नहर में छलांग लगा दी। महिला को बच्चों समेत नहर में छलांग लगाते देख लोगों ने नहर में कूद मां-बेटी को बाहर निकाल लिया, लेकिन दो साल के बेटे का कहीं पता नहीं लगा। मौके पर पहुंची नहर नाका चौकी पुलिस ने गोताखोरों की सहायता से बच्चे की तलाश शुरू कर दी। महिला के नहर में छलांग लगाने का कारण घरेलू कलह बताया जा रहा है। देर रात तक नहर में बच्चे को ढूंढने का काम जारी था। बताया जा रहा है कि महिला ससुराल पक्ष द्वारा तंग करने पर अपने बच्चों के साथ मायके वधावाराम कॉलोनी आ रही थी, लेकिन असंध रोड पर नहर नाका चौकी के पास बस से उतरते ही नहर में छलांग लगा दी।
गांव बड़ौदा, जींद निवासी 24 साल की सोनिया शनिवार को अपने दो साल की बेटी मन्नत व पांच साल के बेटे मयंक के साथ मायके वधावाराम कॉलोनी, पानीपत आने के लिए निकली। वह दोपहर को असंध रोड नहर नाका चौकी के पास बस से उतरी और सीधे दिल्ली पैरलल नहर के पास पहुंचकर दोनों बच्चों के साथ नहर में छलांग लगा दी। नहर से निकाली गई मां-बेटी को नजदीक के अस्पताल में दाखिल करवाया गया।
घरेलू विवाद के कारण लगाई छलांग
सोनिया के मायके पक्ष का कहना है कि उन्होंने वर्ष 2011 में सोनिया की शादी जींद के गांव बड़ौदा निवासी कप्तान के साथ की थी। शादी के बाद सोनिया की सास व ननद उसके साथ झगड़ा करते हैं। मायके पक्ष ने आशंका जताई है कि शनिवार को भी ससुराल पक्ष के लोगों ने उसके साथ झगड़ा किया होगा। उसी से परेशान होकर सोनिया ने यह कदम उठाया है।
एक महिला ने अपने दो बच्चों के साथ नहर में छलांग लगा दी थी। मां-बेटी को बाहर निकाल लिया गया था। जबकि पांच साल के बेटे का पता नहीं लगा। गोताखोरों की सहायता से नहर में तलाश की जा रही है। कुछ लोगों को खुबडू़ झाल के पास भेजा गया है, ताकि बच्चे का पता लगाया जा सके।
कृष्ण कुमार, प्रभारी, नहर नाका चौकी, पानीपत।