अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। अंबाला-दिल्ली ट्रैक पर रविवार देर शाम ट्रेन की चपेट में आकर मरे युवक सेल्फी नहीं ले रहे थे, बल्कि दोनों युवकों ने ट्रेन के नजदीक आने पर ट्रैक को छलांग लगाकर पार करने की कोशिश की थी। लेकिन, वे सफल नहीं हो पाए और उनकी मौत हो गई। उनके इस स्टंट की तीसरा दोस्त वीडियो भी बना रहा था। वह हादसे के बाद मौके से भाग निकला। यह खुलासा एक प्रत्यक्षदर्शी रिटायर्ड टीचर ने किया है। इस रिटायर्ड टीचर ने ही हादसे के बाद मारे गए एक युवक की जेब से मोबाइल फोन निकालकर परिजनों को उसकी मौत की खबर दी थी। इससे पहले तक पुलिस इस हादसे को सेल्फी लेने के दौरान हुआ हादसा मान रही थी। पुलिस ने बयान के आधार पर तीसरे दोस्त की तलाश शुरू कर दी है। सोमवार को दोनों दोस्तों के शवों का पोस्टमार्टम करवाकर उन्हें परिजनों को सौंप दिया गया।
अंबाला-दिल्ली रेलवे ट्रैक पर टीडीआई फाटक के पास तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आने से हुई दो दोस्तों की मौत के बाद सोमवार को सिविल अस्पताल में शव लेने के लिए पहुंचे परिजनों की आंखे नम थी। परिजन रह-रहकर उस समय को कोस रहे थे, जब वे बाइक पर सवार होकर इकट्ठे होकर घर से निकले थे। परिजनों का कहना है कि हैप्पी व हन्नी के साथ एक और दोस्त था। जो हादसे के बाद फरार हो गया था। परिजनों ने मांग की है कि तीसरे युवक का पता लगाया जाए।
परिवार में इकलौते पुत्र थे दोनों
परिजनों ने बताया कि हैप्पी और हन्नी अपने-अपने परिवार में इकलौते लड़के थे। हैप्पी दो बहनों का अकेला भाई था। शुभम तीन बहनों पर अकेला भाई था। हन्नी पानीपत के ही अर्बन कॉपरेटिव बैंक में रिकवरी करता था। हैप्पी तहसील कैंप स्थित एक फैक्ट्री में काम करता था। रविवार को छुट्टी होने पर तीनों दोस्त घूमते हुए टीडीआई फाटक की तरफ चले गए थे। वहां रेलवे ट्रैक पर तेज रफ्तार ट्रेन के सामने स्टंट करते समय दोनों की मौत हो गई।
यह है मामला
पटेल नगर भावना चौक निवासी हैप्पी (27) व नागपाल कॉलोनी निवासी शुभम उर्फ हन्नी (25) अपने एक अन्य दोस्त के साथ रविवार देर शाम बाइक पर सवार होकर टीडीआई फाटक के पास पहुंचे। वहां अंबाला-दिल्ली रेलवे ट्रैक पर हैप्पी और हन्नी सेल्फी लेने गए। बताया जा रहा है कि दोनों दोस्तों ने फिल्म लक की स्टालइ में ट्रेन के आगे से कूदने की योजना बनाई। तीसरा दोस्त इनकी विडियो बना रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रेन को आता देख दोनों दोस्तों ने जंप तो लगाई, लेकिन ट्रैक पार नहीं कर सके। ट्रेन की चपेट में आ गए।
यह कहा प्रत्यक्षदर्शी ने
घटना के प्रत्यक्षदर्शी एक रिटायर्ड टीचर ने बताया कि रविवार देर सायं अंबाला-दिल्ली ट्रैक पर दो युवक खड़े थे और ट्रैक के पास खड़ा तीसरा दोस्त उनकी विडियो बना रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रेन को आते देख रहे दोनों दोस्तों ने ट्रेन के नजदीक आने पर ट्रैक से छलांग लगाई, लेकिन वे ट्रैक को पार नहीं कर पाए और ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में एक युवक के सिर पर गंभीर चोटें आई जो ट्रैक किनारे करीब 15 मिनट तक पड़ा तड़पता रहा। दूसरे की मौके पर ही मौत हो गई। रिटायर्ड टीचर ने तीसरे दोस्त से इनके घर फोन करने की बात कही तो उसने फोन करने से इनकार कर दिया और भाग गया। मृतक युवक की जेब से फोन निकालते हुए रिटायर्ड टीचर ने घर का नंबर निकाला और परिजनों को हादसे की सूचना दी।
अंबाला-दिल्ली रेलवे ट्रैक पर टीडीआई फाटक के पास दो दोस्त फिल्मी स्टाइल में तेज रफ्तार ट्रेन के आगे से कूदने का स्टंट कर रहे थे। ट्रेन की चपेट में आने से दोनों की मौत हो गई। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए हैं। तीसरे दोस्त की तलाश की जा रही है। परिजनों से शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी।
आनंद सिंह एसआई, जांच अधिकारी, जीआरपी, पानीपत।