खंड मतलौडा के गांव कवी में महिला और उसके बेटे की मौत के बाद बसा बसाया परिवार एक झटके में उजड़ गया। सात साल की बच्ची अस्पताल में मौत से जूझ रही है। चिकित्सकों के अनुसार चोट से उसके दांत और खोपड़ी बुरी तरह से डैमेज हो गई है।
इस हादसे के बाद मृतका के मायके पानीपत के गांव बिलासपुर में चल रही छोटी बहन की शादी की तैयारियां भी मातम में बदल गईं। एक रात पहले तक जहां शादी के मंगल गीत गाए जा रहे थे, वहां अब मातम पसरा हुआ है। मायका पक्ष के लोगों ने मकान के कमरों पर भी ताला जड़ दिया है।
पुलिस का दावा है कि महिला ने पहले बेटे और फिर बेटी पर हमला किया। उसके बाद राजेंद्र ने आकर महिला की चुन्नी से गला घोंटकर हत्या कर दी। पुलिस ने इसी संदेह के आधार पर दोनों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। कवी गांव में राजेंद्र के परिवार में सोमवार सुबह हर कोई खुश था।
सात साल की कनिका और पांच साल का कवीश अपनी मौसी की शादी में शामिल होने जाने के लिए मामा के घर जाने को लेकर खुश थे। इतनी ही खुशी मोनिका को भी थी। मोनिका ने भी अपनी बहन की शादी में जाने के लिए खरीदारी कर ली थी। राजेंद्र भी अपनी साली की शादी को लेकर खुश था।
उसने भी शॉपिंग में पत्नी की मदद की थी। बताया जा रहा है कि मोनिका राजेंद्र को साथ चलने के लिए कह रही थी, लेकिन राजेंद्र मंगलवार को शादी के दिन ही शामिल होने की कह रहा था। इसी बात पर दोनों के बीच बात बिगड़ गई। दावा किया जा रहा है कि मोनिका तैश में आकर दोनों बच्चों को अपने साथ अंदर मकान में ले गई।
इसके बाद बच्चों की एक के बाद चिल्लाने की आवाज आई। इसके बाद परिवार ही नहीं पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया। हर कोई राजेंद्र के मकान की तरफ भाग रहा था। लोग मौके पर पहुंचे तो राजेंद्र और उसका परिवार दोनों बच्चों और मोनिका को संभालने में लगे थे। इसके बाद जो हुआ और सामने आया उसे देख लोगों के रोंगटे खड़े हो गए।
मौके पर पहुंचे लोगों ने बताया कि मोनिका ने अपने पांच साल के बेटे कवीश की गला घोंटकर हत्या कर दी और बेटी की कपड़े धोने वाली थापी को बुरी तरह से पीट दिया। इसमें कवीश की मौत हो गई, जबकि कनिका गंभीर रूप से घायल हो गई। मोनिका भी झांकी की ग्रिल में फंदा लगाकर लटक गई।
परिजनों की लाडली थी मोनिका
मोनिका के छोटे भाई प्रदीप मान ने बताया कि पांच बहन-भाइयों में मोनिका दूसरे नंबर पर थी और वह सबकी लाडली थी। घर में छोटी बहन पूनम की 28 फरवरी की शादी है। लेकिन शादी के एक दिन पहले तक मोनिका शादी में नहीं पहुंची थी। प्रदीप का आरोप है कि उसका पति राजेंद्र उसको शादी में नहीं आने दे रहा था। इसी बात पर उनका विवाद हुआ होगा। भाई ने आशंका जाहिर की है कि उसकी बहन और भांजे की हत्या की गई है।
भाई की शादी में भी जोड़े थे हाथ-पांव
प्रदीप मान ने बताया कि एक साल पहले उसके छोटे भाई की शादी हुई थी। उस समय भी राजेंद्र शादी में शरीक नहीं हुआ था। मोनिका को वे लोग ले आए थे। भाई की बारात गांव नारा गई थी। नारा पहुंचने के बाद कुछ रिश्तेदार कवी पहुंचे और राजेंद्र को मुश्किल से मनाकर लाए थे। इस बार भी वह शादी में न खुद आना चाहता था और न ही मोनिका को भेजने पर राजी था।
सुसाइड नोट पर भी संदेह
घटनास्थल से दो सुसाइड नोट मिले हैं। एक कविश के शव के पास और दूसरा स्टोर रूम में रखी मशीन के पास मिला है। दोनों ही सुसाइड नोट में एक जैसी बात लिखी हुई कि मेरी मौत के लिए मेरे पीहर या अन्य कोई जिम्मेदार नहीं है। परिजनों का आरोप है कि यदि मोनिका को इस प्रकार का कोई कदम उठाना था
तो वह सुसाइड नोट क्यों लिखती, अगर लिखती तो दो बार क्यों लिखती। एक सुसाइड नोट पैंसिल से और दूसरा पेन से लिखा गया है। सुसाइड नोट जिस पन्ने पर लिखा गया, वह किस कॉपी से फाड़ा गया था। वह कापी भी नहीं मिली। यदि ससुराल पक्ष उन्हें शादी में भेजने पर राजी था, तो मोनिका ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
स्कूल चले जाते तो बच जाते बच्चे
पांच साल का कवीश नर्सरी और सात साल की कनिका दूसरी कक्षा में पढ़ते थे। दोनों सफीदों स्थित एक स्कूल में पढ़ने जाते थे। स्कूल अध्यापक सुखविंद्र सिंह ने बताया कि सोमवार सुबह स्कूल बस बच्चों को लेने गांव में आई। दोनों बच्चे गली में मिले थे। स्कूल जाने की की बात पर दोनों ने कहा कि वे आज अपने मामा के घर जाएंगे, इसलिए स्कूल नहीं आ रहे। अध्यापक ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि काश बच्चे स्कूल आ जाते तो यह हादसा ना होता।
घटनास्थल पर हमले में कनिका के टूटे दांत
कनिका के सिर और मुंह पर कपड़े धोने वाली लकड़ी की थपकी से प्रहार किया गया था। इससे कनिका के दांत तक टूट गए थे। घटनास्थल से पुलिस ने लकड़ी की थपकी बरामद की है। कनिका के टूटे दांत भी मिले हैं। कनिका का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। बताया जा रहा है कि कनिका को होश आ गया है। लेकिन, उसकी हालत के बारे में अभी चिकित्सक कुछ भी कहने से मना कर रहे हैं।
मायके वालों ने ससुराल में जड़ा ताला
मां-बेटे का पोस्टमार्टम करवाने के बाद दोनों शवों का गांव कवी में अंतिम संस्कार करवाया गया। वारदात के बाद से मायके पक्ष के लोगों में रोष है। मोनिका के मायका पक्ष के लोगों ने उसके कमरों पर ताला लगा दिया है। ससुराल पक्ष के लोग मायके वालों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।