झारखंड पुलिस ने पानीपत में छिपे बाल तस्करी के आरोपियों को गिरफ्तार कर दो साल पुराने मामले का भंडाफोड़ किया है। झारखंड पुलिस ने सिद्धार्थ नगर से एक महिला समेत दो लोगों को गिरफ्तार किया है। दोनों झारखंड से पानीपत में बच्चों को सप्लाई करते थे। यहां बच्चों से मजदूरी या दूसरे काम कराए जाते थे। झारखंड में शिकायत दर्ज होने के बाद वहां की पुलिस ने सोमवार देर शाम सिद्धार्थ नगर में दबिश देकर महिला व एक पुरुष को पकड़ा। दोनों को झारखंड पुलिस अपने साथ ले गई है।
झारखंड पुलिस को इनपुट मिले थे कि झारखंड से बच्चों की तस्करी पानीपत व आसपास के क्षेत्रों में की जाती है। झारखंड से कई बच्चे संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो चुके हैं। वहां गुमशुदगी की शिकायत पर झारखंड पुलिस मामले की जांच कर रही थी। वहां तस्कर गिरफ्तार हुए तो पानीपत तक कड़ी जुड़ती चली गई।
झारखंड पुलिस के दो सब इंस्पेक्टर और एक महिला अधिकारी की टीम ने सोमवार शाम को पानीपत में दबिश दी। यहां पुराना औद्योगिक पुलिस थाने से मदद ली गई। पुलिस ने सिद्धार्थ नगर में दबिश देकर महिला व एक पुरुष को पकड़ा। यह मामला 2021 का बताया जा रहा है। स्थानीय पुलिस मामले की जांच कर रही थी।
दो माह पहले किराये पर लिया था कमरा
उक्त महिला ने सिद्धार्थ नगर में दो महीने पहले एक पुलिसकर्मी के घर में किराए पर कमरा लिया था। ऐसा माना जा रहा है कि आरोपी महिला ने किसी पूछताछ से बचने के लिए ऐसा किया। अब पानीपत पुलिस भी मामले की जांच करेगी।
दिल्ली के एजेंट के माध्यम से होती है सप्लाई
दिल्ली के कई जगहों पर नौकर उपलब्ध कराने के लिए कार्यालय खुले हैं। यहां से घरों में काम करने के लिए सस्ती महिलाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। इसके अलावा महिलाओं को शादी के लिए भी बेचा जाता है। बिहार, झारखंड, उड़ीसा, कोलकाता तक यह गिरोह फैला है। वहां से युवतियों को दिल्ली, हरियाणा, पंजाब में अच्छी नौकरी का झांसा देकर दिल्ली लाया जाता है। फिर इन्हें बड़े-बड़े लोगों को बेच दिया जाता है। पानीपत में कई ऐसे मामलों का भंडाफोड़ हो चुका है। पानीपत में लगभग 300 प्रवासी किशोरी नौकरानी के रूप में काम करती हैं।
हमसे जो सहायता मांगी थी, वह हमने दी : प्रभारी
झारखंड पुलिस ने पुलिस बल मांगा था। हमने उपलब्ध करवा दिया था। सिद्धार्थ नगर से एक महिला और पुरुष को झारखंड पुलिस अपने साथ ले गई है। उन्हें इस मामले की पूरी जानकारी नहीं है।
- वीरेंद्र सिंह, प्रभारी, पुराना औद्योगिक थाना।