फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Panipat News: जेडटीओ पर गाज, बिना तथ्य छवि धूमिल करने वालों के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पास

विज्ञापन
विज्ञापन
पानीपत। वर्ष-2023 में नगर निगम की पहली बैठक हंगामेदार रही। इसमें पार्षदों ने भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बुलंद की। साथ ही निगम के क्षेत्रीय कराधान अधिकारी और एक अन्य कर्मी के खिलाफ प्रस्ताव पास किया।
विज्ञापन

पार्षद अशोक कटारिया की अगुवाई में कई पार्षदों ने आयुक्त से क्षेत्रीय कराधान अधिकारी (जेडटीओ) को आयुक्त पीए के अतिरिक्त पद से हटाने की मांग की। साथ ही उन पर विभागीय कार्रवाई और तबादले का प्रस्ताव पास किया। पार्षदों ने आरोप लगाया कि क्षेत्रीय कराधान अधिकारी उनके कार्यों में अड़चन डालते हैं। बार-बार कर्मचारियों को बदलते हैं। उनका रवैया जनप्रतिनिधियों के साथ सही नहीं है। इस पर जेडटीओ को पीए पद से मुक्त कर नरेश भौरिया को पद सौंपने का आश्वासन दिया गया।
तथ्यों के बिना निगम की छवि धूमिल करने वालों के खिलाफ पार्षद रविंद्र भाटिया ने निंदा प्रस्ताव पास करने की अपील की, जिसे सभी पार्षदों ने समर्थन दिया। पार्षदों ने कहा कि अगर कोई बिना तथ्यों के निगम या पार्षदों पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाता है और जांच में आरोप गलत साबित होते हैं तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। पार्षद रविंद्र भाटिया ने एक विकास कार्य और उसकी विजिलेंस जांच की रिपोर्ट तक पेश की। कहा कि कुछ लोग जानबूझकर निगम और पार्षदों को बदनाम करना चाहते हैं।
विज्ञापन

प्रधानमंत्री आवास योजना के कर्मचारियों की वजह से लोगों को होने वाली परेशानियों पर भी जनप्रतिनिधियों ने फिर हंगामा किया। उन्होंने योजना के तहत तैनात कर्मचारी अंकित को बदलने का प्रस्ताव दिया, जिसे पास कर दिया गया। पार्षद कोमल सैनी ने कहा कि उनके पास इस शाखा के भ्रष्टाचार की काफी शिकायतें हैं। वह सबूतों समेत निगम में आएंगी और भ्रष्टाचार फैलाने वाले निगम कर्मचारियों की खबर लेंगी।
पार्षद अश्वनी धींगड़ा वार्ड में खराब लाइटों की समस्या लेकर निगम पहुंचे। उन्होंने कई लाइटों को अपने खर्च पर ठीक कराने का दावा किया। उन्होंने कहा कि करोड़ों खर्च करने के बाद भी शहर में अंधेरा है। उनके समर्थन में पार्षद अंजलि शर्मा, अनिल बजाज, रविंद्र भोला भी आए। पार्षदों ने कहा कि उनके वार्डों के विकास कार्यों में भी भेदभाव किया जा रहा है।
जनप्रतिनिधियों के साथ निगम अधिकारियों ने बिजली निगम पर आरोप लगाए कि उनके ठेकेदार निगम की लाइटें और तारें तक ले गए हैं। आयुक्त ने कहा कि अबकी बार नगर निगम बिजली निगम पर इसकी रिकवरी डालेगा। बिजली निगम के एसडीओ ने कहा कि अबकी बार जिस भी वार्ड में बिजली संबंधित कोई भी काम होगा तो उस वार्ड के पार्षद को साथ लिया जाएगा।
सदन की बैठक में महापौर ने 17 प्रस्ताव पेश किए। इन पर चर्चा की गई और कुछ में संशोधन भी हुआ। इसके अलावा करनाल सांसद की ओर से एक प्रस्ताव, शहरी विधायक की ओर से दो प्रस्ताव समेत निगम कार्यालय की ओर से 10 प्रस्तावों की सूची समेत कुल 13 प्रस्ताव अलग से रखे गए। इनमें संशोधन की गुंजाइश के आश्वासन के साथ पास किया गया। इनके अलावा वार्ड वाइज पार्षदों के करीब 252 प्रस्ताव भी पास किए गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें