जिले को कोरोना से बचाने के लिए मास्टर प्लान तैयार कर दिया गया है। जिला प्रशासन की ओर से एहतियातन शहर की 20 इमारतों को आईसोलेशन वार्ड में तब्दील करने की तैयारी कर ली है। हालांकि यह तभी होगा, जब इसकी जरूरत होगी। फिलहाल इन 20 में से 12 इमारतों में 644 बेड लगाने की तैयारी हो चुकी है और बाकी की आठ इमारतों के नाम तय कर दिए हैं। जरूरत पड़ने पर इन इमारतों में भी बेड की संख्या निर्धारित कर दी जाएगी। स्कूल, कॉलेज, सत्संग भवन, मॉल की इमारतों को शामिल किया गया है।
इन इमारतों में तय किए गए 644 बेड
1. एसडीएम स्कूल में 200 बेड
2. एग्रो मॉल में 200 बेड
3. प्रेम इंस्टीट्यूट में 60 बेड
4. सिविल अस्पताल समालखा में 50 बेड
5. मतलौडा श्री राम फार्म हाउस में 50 बेड
6. एनसी मेडिकल कॉलेज में 30 बेड
7. सीएचसी ददलाना में 10 बेड
8. सीएचसी खोतपुरा में 10 बेड
9. रिफाइनरी गेस्ट हाउस में 10 बेड
10. एनएफएल में 10 बेड
11. थर्मल गेस्ट हाउस में 8 बेड
12. सेक्टर 11-12 हेल्थ सेंटर में 6 बेड
- इमारतें तय, जरूरत पर बेड की संख्या होगी निर्धारित
1. मॉडल टाउन स्थित सत्संग भवन
2. डॉ. एमकेके स्कूल
3. आर्य कॉलेज
4. सेक्टर 25 स्थित बैंक्वेट हॉल-राधा स्वामी सत्संग भवन
5. देवी मंदिर का सत्संग हॉल
6. मिलेनियम स्कूल
7. सीएचसी खोटपुरा
8. इसराना गरुद्वारा
भविष्य के लिए भी प्लान तैयार कर लिया गया है, फिक्र की बात नहीं : सीएमओ
स्वास्थ्य विभाग अपने स्तर पर बेहतर काम कर रहा है। डॉक्टरों को लगातार निर्देश दिए जा रहे हैं। जो भी संदिग्ध मरीज आ रहा है उसके सैंपल भेजे जा रहे हैं। लोगों को विभिन्न स्थानों पर जागरूक भी किया जा रहा है। - डॉ. एसएल वर्मा, सिविल सर्जन पानीपत
फ्रांस और नेपाल से लौटे दो युवक के लिए गए सैंपल, खानपुर मेडिकल कॉलेज भेजे
पानीपत। विदेश से लौटे दो युवकों के बुधवार को सिविल अस्पताल में सैंपल लिए गए हैं। इन सैंपलों को जांच के लिए खानपुर मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। शुक्रवार शाम तक दोनों युवकों की रिपोर्ट आ जाएगी। रिपोर्ट आने पर ही कोरोना निगेटिव या पॉजिटिव के बारे में बताया जा सकेगा। हालांकि पानीपत में अभी तक कोरोना का एक भी मरीज सामने नहीं आया है। इनमें विदेशों से लौटे लोग भी शामिल हैं, जिनकी जांच में किसी को भी कोरोना वायरस का पीड़ित नहीं पाया गया है, जबकि विदेशों से लौटने वालों पर सबसे ज्यादा वायरस का खतरा था। जांच कराने वाले में एक मॉडल टाउन निवासी युवक पेरिस में पढ़ाई करता है और 15 मार्च को पानीपत लौटा है। फ्रांस और इटली में कोरोना वायरस का प्रकोप अधिक है। इसलिए युवक की जांच की गई है और विभाग ने इसे अपनी निगरानी में उसी के घर रखा है। दूसरी ओर अंसल के रहने वाले युवक के सैंपल भेजे गए हैं। वह 10 मार्च को नेपाल से भारत लौटे हैं। दोनों युवक 28 दिन तक स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में रहेंगे।
विदेश से लौटे 25 लोगों की तलाश जारी
इसके अलावा विदेश से लौटे 25 लोगों की अब तक तलाश नहीं की जा सकती है। इनको रैपिड एक्शन टीमें लगातार तलाश कर रही है। 99 लोगों से विभाग सेल्फ डिकलेरेशन फार्म भरवा चुका है।
खांसी जुकाम के आ रहे औसतन 50 मरीज
मौसम में बदलाव के साथ इंफ्लूएंजा के मामले काफी अधिक बढ़ गए हैं। सिविल अस्पताल में हर रोज खांसी और जुकाम के 50 से 60 मरीज आ रहे हैं। इनमें से अधिक बच्चे हैं। इनमें से अधिक एंफ्लूएंजा के मरीज है। डॉक्टर इनको एंफ्लूएंजा के बारे में जागरूक भी कर रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि सुबह शाम गर्म कपड़े पहने और आसपास सफाई रखें।
आयुष विभाग भी आया अलर्ट पर
स्वास्थ्य विभाग के साथ आयुष विभाग भी अलर्ट पर आ गया है। आयुष मंत्रालय द्वारा सभी स्वास्थ्य केंद्रों में संसमनी वती नामक दवा भेजी जा रही है। जिनमें कोरोना वायरस के लक्षण होंगे उन्हें ये दवा दी जाएगी। आयुष विभाग के डॉक्टरों के अनुसार ये दवा काफी प्रभावी है। आगामी दो दिन में पानीपत में भी ये दवा उपलब्ध करवा दी जाएगी।
31 मार्च तक सरल केंद्र भी बंद
स्वास्थ्य विभाग उन सभी कामों पर पाबंदी लगा दी है। जहां लोगों की भीड़ एकत्रित होती है। इसी कड़ी में जिले के सभी सरल केंद्रों को फिलहाल 31 मार्च तक बंद कर दिया गया है। ऐसे में लोगों को आधार कार्ड, राशन कार्ड, पेन कार्ड और जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र की फीस जमा कराने में दिक्कत होती।
प्रशासन ने इससे बचाव के लिए दिशा-निर्देश
निर्देश जारी करते हुए खास तौर पर होटल संचालकों को सतर्क रहने को कहा है। जारी की गई एडवाइजरी में होटल संचालकों को चीन, थाईलैंड और जापान से आने वाले पर्यटकों को लेकर आगाह किया गया है। उन्हें उन जगहों से आने वाले लोगों का पूरा रिकार्ड रखने को कहा है। वहीं, किसी भी पर्यटक या जनसामान्य में कोरोना वायरस के लक्षण दिखने पर प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को उसकी तत्काल सूचना देने को कहा गया है। इससे बचाव के लिए सरकारी और निजी अस्पतालों को भी तैयार करने का निर्देश दिया गया है।