पानीपत। माइक्रोसॉफ्ट के सहयोग से विद्यार्थियों को कौशल सिखाकर सशक्त बनाने के उद्देश्य से सीबीएसई स्कूलों में कोडिंग और डाटा साइंस के कोर्स शीघ्र शुरू हो सकते हैं। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 की सिफारिशों का पालन करते हुए स्कूलों में कोडिंग और डाटा विज्ञान को कौशल विषयों के रूप में शामिल किया जा सकता है। सीबीएसई ने अपने संबद्ध संस्थानों के सभी प्रमुखों को मौजूदा सत्र से कौशल मॉड्यूल या कौशल विषय के रूप में कोडिंग और डाटा साइंस की शुरुआत के बारे में बताया है। नए सत्र से यदि कोडिंग और डाटा साइंस कोर्स शुरू होने से सालाना जिले के 35-40 हजार विद्यार्थियों को फायदा पहुंचेगा।
सीबीएसई के अनुसार, कोडिंग एक रचनात्मक गतिविधि है, जिसमें किसी भी विषय के विद्यार्थी शामिल हो सकते हैं। इसलिए कक्षा 6 से 8 में कोडिंग को 12 घंटे की अवधि के कौशल मॉड्यूल के रूप में शामिल किया जा सकता है। इसके पीछे का मकसद डिजाइन थिंकिंग, विचारों के प्रवाह और इसे सभी विषयों में लागू करके कोडिंग सीखने के अनुभव को सरल बनाना है। इससे बच्चों में तार्किक तौर पर सोचने की क्षमता बढ़ेगी। वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बारे में जान सकेंगे। बोर्ड ने कहा कि डाटा साइंस विषय को कक्षा 8 में 12 घंटे के स्किल मॉड्यूल के तौर पर जबकि कक्षा 11वीं व 12वीं में इसे स्किल सब्जेक्ट के तौर पर शामिल किया जा सकता है। संवाद
- डाटा जुटाने और संग्रहित करने के बारे में जानेंगे विद्यार्थी
सीबीएसई का दावा है कि विद्यार्थी डाटा साइंस विषय से यह जान सकेंगे कि किस तरह डाटा जुटाया व संग्रहित किया जा सकता है और उसका विश्लेषण करके कैसे निर्णय किया जा सकता है। सीबीएसई ने कहा कि जो स्कूल 11वीं में स्किल विषय के तौर पर इन विषयों को शामिल करने के लिए आवेदन करेंगे, उन्हें कोई फीस का भुगतान नहीं करना है। माइक्रोसॉफ्ट की मदद से दोनों विषयों के शिक्षक और किताबें तैयार हैं।
सीबीएसई द्वारा संबंधित स्कूलों में कौशल मॉड्यूल या कौशल विषय के रूप में कोडिंग और डाटा साइंस कोर्स की शुरुआत की जा सकती है। हालांकि कोडिंग और डाटा साइंस का नए सत्र से शुरू होने में संशय है। सीबीएसई बोर्ड फिलहाल कोरोना महामारी की परिस्थितियों सहित 10वीं, 12वीं के परीक्षा परिणामों की प्रक्रिया में लगा है। ऐसे में कोडिंग और डाटा साइंस कोर्सेस को शुरू करने में समय भी लग सकता है।
- रेखा शर्मा, प्राचार्या, आर्य बाल भारती पब्लिक स्कूल, पानीपत।