पानीपत। हरियाणा व्यापार कल्याण बोर्ड के चेयरमैन और वाइस चेयरमैन ने अपने पद से इस्तीफा देने की पेशकश की है। इस्तीफा देने की बात पहले वाइस चेयरमैन ने कही। इसके बाद चेयरमैन ने कहा कि वे पहले समस्याओं के समाधान का प्रयास करेंगे। इसके बाद व्यापारी वर्ग चाहेगा तो अपने पद से इस्तीफा दे देंगे। विदित है कि पांच महीने पहले ही सरकार ने चेयरमैन और वाइस चेयरमैन की नियुक्ति की है।
हरियाणा व्यापार कल्याण बोर्ड के चेयरमैन बाल किशन अग्रवाल और वाइस चेयरमैन सुरेश मित्तल सोमवार को पानीपत पहुंचे थे। दोनों हरियाणा चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री पानीपत के चेयरमैन विनोद धमीजा के पुराना औद्योगिक क्षेत्र स्थित प्रतिष्ठान पर व्यापारियों और औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधियों की समस्या सुन रहे थे। उद्यमियों ने पुराना औद्योगिक क्षेत्र में प्लाॅटों के वर्गीकरण और बापौली में फ्री जोन समेत कई ज्वलंत मुद्दों को उठाया। वाइस चेयरमैन ने कहा कि पानीपत के 20 साल पुराने उद्योग आज भी अवैध हैं, जबकि सरकार समय-समय पर कॉलोनियों को वैध कर रही है। इसके अलावा जेनरेटर तक चलाने पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। सरकार को हर महीने 250 घंटे की छूट देनी चाहिए और बापौली क्षेत्र को फ्री जोन बनाया जाना चाहिए। कहा कि वह उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला के सामने समस्याएं रख चुके हैं। दो महीने में समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो वे अपने पद से इस्तीफा दे देंगे। उन्होंने चेयरमैन बालकिशन अग्रवाल से कहा कि वे व्यापारियों को खाली आश्वासन देने के बजाय ठोस बात कहकर जाएं। उन्होंने बातों ही बातों में चेयरमैन को भी इस्तीफा देने की बात कह दी। चेयरमैन ने कहा कि वह प्रदेश भर में व्यापारियों की समस्याओं को जान और समझ रहे हैं। वह समाधान नहीं करा पाते हैं तो व्यापारियों के कहने पर इस्तीफा देने को तैयार रहेंगे। उन्होंने कहा कि बोर्ड के राष्ट्रीय चेयरमैन दो अगस्त को पानीपत में उद्यमियों और व्यापारियों से रूबरू होंगे। मुख्यमंत्री मनोहर लाल व्यापारियों को सुविधाएं देना चाहते हैं और कई योजनाएं बनाई गईं हैं।