पानीपत। जिले में लगातार दूसरे दिन एक्यूआई (वायु गुणवत्ता सूचकांक) 300 से पार रहा। हालांकि दिन के समय हवा चलने से वायु गुणवत्ता सूचकांक 276 तक आ गया। इसके बाद फिर से बढ़ने लगा। नगर निगम के एंटी स्मॉग गन से कृत्रिम बारिश भी एक्यूआई को कम करने में सहायक नहीं हो सकी है। वायु गुणवत्ता सूचकांक शहर में रात के समय खुले में कूड़ा जलाने और शादियों में पटाखे चलाने से लगातार बढ़ रहा है। सुबह व शाम के समय स्मॉग गहराने से लोगों को सांस लेने में परेशानी हो रही है।
जानकारी के अनुसार शनिवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक बढ़कर 306 पर पहुंचा गया था। रविवार सुबह यह 310 के आसपास रहा। इसके बाद 13 किलोमीटर प्रतिघंटे से हवा चली। जिससे रविवार को दोपहर के समय एक्यूआई 276 पर आ गया। रविवार को अधिकतम तापमान 30 और न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
वायु प्रदूषण बढ़ने से लोगों को सांस लेने में समस्या आने लगी है। बुजुर्गों को सांस लेने में परेशानी ज्यादा हो रही है। कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आशीष ने बताया कि सुबह व शाम के समय ठंड बढ़ने लगी है। वायु प्रदूषण से सुबह व शाम को आसमान में धुंआ छाने लगा है। अगले सप्ताह अधिकतम तापमान 25 और न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
अस्पताल में बढ़ गई ओपीडी : जिला नागरिक अस्पताल में फिजिशियन और फिजियोथेरेपिस्ट के पास सांस संबंधी बीमारियों अस्थमा और सीओपीडी की ओपीडी पहले की अपेक्षा 20 प्रतिशत बढ़ी है। चिकित्सक लोगों को सलाह दे रहे हैं कि घर से बाहर जाते समय मास्क का प्रयोग अवश्य करें। फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. नेहा बंसल ने बताया कि प्रदूषण बढ़ने पर फिजियोथेरेपी की ओपीडी बढ़ गई हैं। लोगों को मास्क का प्रयोग करना चाहिए । संवाद