चूहों द्वारा पटरी के नीचे बनाया गया बिल। संवाद
करनाल। करनाल नई अनाज मंडी के गेटपास फर्जीवाड़े में शामिल दो आढ़तियों महावीर और सुभाष को एसआईटी ने गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों आढ़तियों ने पानीपत के एक किसान के नाम से 850 क्विंटल धान को अनाज मंडी में बिका दिखाकर 20 लाख 30 हजार 650 रुपये का भुगतान ले लिया। पुलिस ने आरोपियों से 1.30 लाख रुपये की बरामदगी की है। अदालत से दोनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। एसआईटी अन्य कई आढ़तियों और ट्रांसपोर्टर की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। आने वाले समय में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं। करनाल की अनाज मंडी में गेटपास फर्जीवाड़े की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए नाम सामने आ रहे हैं। मामले में संलिप्तता पाए जाने पर एसआईटी ने शिव काॅलोनी निवासी आढ़ती महावीर और कतलाहेड़ी गांव निवासी आढ़ती सुभाष को गिरफ्तार किया है। दोनों की अनाज मंड़ी में आढ़त की दुकान है। मार्केट कमेटी के रिकॉर्ड में दोनों की दुकान पर करीब 850 क्विंटल धान पानीपत के एक किसान के नाम पर बिका हुआ दिखाया गया है। एसआईटी ने पानीपत पहुंचकर किसान से पूछताछ की तो सामने आया कि किसान ने पीआर धान उगाई ही नहीं थी।