माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। प्राथमिक कृषि सहकारी समिति (पैक्स) में घोटालों का खेल कोई नया नहीं है। अतिरिक्त रजिस्ट्रार और बड़े अधिकारियों से लेकर प्रबंधक व नीचे तक के कई कर्मचारी इस खेल में शामिल हैं। ऑडिटर ने भी गड़बड़ी सामने आने के बाद किसी प्रकार की रिपोर्ट नहीं की।
इस संबंध में बाहरी लोगों ने कई शिकायत भी की, लेकिन एक दूसरे विभाग को पत्र लिखकर रिपोर्ट मांगने तक हीं दम तोड़ गईं। पहले पानीपत से एक वकील ने भी सहकारी समितियों में घोटाले के आरोप लगाए थे। इसकी शिकायत उसने एंटी करप्शन ब्यूरो को भी दी थी। ब्यूरो ने भी उस समय जांच करने की बजाय सहकारिता विभाग के अधिकारियों को भेजकर इतिश्री कर ली।
वकील के अनुसार, उसने सहकारिता विभाग में आईसीडीपी (एकीकृत सहकारी विकास परियोजना) के जारी बजट में घोटाले की शिकायत पिछले साल भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो को भी की थी। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के पुलिस अधीक्षक ने इस शिकायत पर कार्रवाई करने की बजाय 11 अक्टूबर 2023 को अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारिता विभाग पंचकूला को पत्र देकर मामले में जांच करने के बारे में लिख दिया, जिसमें कहा गया कि यह शिकायत सहकारिता विभाग से संबंधित प्राप्त हुई है।
इस शिकायत पर आवश्यक कार्रवाई की जाए। इसके बाद शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। शिकायतकर्ता ने बताया कि सहकारिता विभाग में शिकायतों पर कार्रवाई नहीं की जा रही थी। उन्होंने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो को भी इसकी शिकायत दी पर मामले में लीपापोती कर दी गई।
एक इंस्पेक्टर ने रिपोर्ट की तो उच्चाधिकारियों ने दबा ली
मतलौडा खंड में कार्यरत एक इंस्पेक्टर ने पैक्स में कर्मचारियों की मनमर्जी की भर्ती और अन्य अनियमितताओं की रिपोर्ट पिछले साल अतिरिक्त रजिस्ट्रार को की थी। उनकी रिपोर्ट पर अधिकारियों ने संबंधित लोगों पर कोई कार्रवाई नहीं की। इंस्पेक्टर पर ही उल्टे आरोप लगाने शुरू कर दिए। आरोप है कि उच्चाधिकारियों ने उनके खिलाफ ही कार्रवाई कर दी थी।
खाद के लिए भटकते रहे किसान, रैक में कर दिया घाेटाला
सहकारी समितियों व क्रेडिट सोसायटी में पूरा साल अपेक्षाकृत खाद नहीं पहुंचा। किसान खाद के लिए पूरे साल भटकते रहे। उनको आढ़तियों या खाद विक्रेताओं से शर्तानुसार खाद खरीदना पड़ा, जबकि पैक्स में खाद नहीं पहुंचे। अलबत्ता खाद के कट्टे रखने के लिए लकड़ी के रैक जरूर पहुंचा दिए गए।
मेरे कार्यकाल में इस तरह की कोई शिकायत नहीं मिली और न ही किसी प्रकार की ऑडिट रिपोर्ट मिली है। फिलहाल खुर्द-बुर्द सामान के बारे में भी सभी से रिपोर्ट ली जा रही है। - त्रिलोचन सिंह चट्ठा, एआर, सहकारिता विभाग पानीपत।