पानीपत। पंजाब में किसानों के मुख्य रेल लाइन पर बैठने से दिल्ली-अंबाला रेल लाइन लगातार प्रभावित हो रहा है। रविवार को भी करीब एक दर्जन ट्रेनें रद्द की गई और करीब 38 ट्रेनों के रूट डायवर्ट किए गए। इस रूट पर बाकी चलने वाली ट्रेनें भी आगे ट्रैफिक व्यस्त होने के चलते देरी से पहुंची। कालका शताब्दी एक्सप्रेस भी एक घंटे देरी से पहुंची। इसके अलावा अन्य कई ट्रेनों का शेड्यूल बिगड़ गया है। ऐसे में यात्रियों की संख्या भी घटकर आधी रह गई है। दूसरी ट्रेनों में अपेक्षाकृत भीड़ बढ़ गई है।
पानीपत रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के देरी और न पहुंचने का सिलसिला रविवार को भी जारी रहा। कालका शताब्दी एक्सप्रेस का कालका पहुंचने का समय सुबह 11:30 का है, लेकिन यह ट्रेन कालका 12:29 बजे पहुंची। जबकि पानीपत रेलवे स्टेशन पर दस मिनट की देरी से पहुंची थी। दिल्ली से कुरुक्षेत्र यात्री गाड़ी का पानीपत पहुंचने का समय सुबह 10 बजे है। यह गाड़ी 10:26 बजे पानीपत पहुंची। पश्चिमी एक्सप्रेस चंडीगढ़ रूट से अमृतसर पहुंचती है। यह ट्रेन पानीपत रेलवे स्टेशन पर रविवार को एक घंटे देरी से पहुंची। अमृतसर पहुंचते समय यह करीब पौने दो घंटे लेट हो गई। यह गाड़ी रात सवा आठ की बजाय दस बजे अमृतसर पहुंची। ऐसे में गर्मी के मौसम में ट्रेनें न मिलने से यात्री परेशान हो गए हैं। श्याम सिंह और दीपांशु ने बताया कि पिछले दिनों से रेल यातायात लगातार बाधित है, लेकिन रेलवे का इस तरफ कोई ध्यान नहीं है। इसका खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है।
ये ट्रेनें रद्द और रहीं डायवर्ट
शान-ए-पंजाब, पठानकोट, फाजिल्का इंटरसिटी एक्सप्रेस, अमृतसर इंटरसिटी एक्सप्रेस, जम्मू मेल ट्रेन अप और डाउन में रद्द रहीं। वहीं आम्रपाली एक्सप्रेस, अमृतसर एक्सप्रेस, मालवा, सचखंड एक्सप्रेस व झेलम एक्सप्रेस का रूट डायवर्ट किया गया। इन ट्रेनों को जींद और जाखल से लुधियाना रवाना की गई।
वर्जन :
पंजाब में किसानों के मुख्य ट्रैक पर बैठने के चलते ट्रेनें प्रभावित हैं। करीब एक दर्जन ट्रेनें लगातार रद्द की जा रही हैं, जबकि करीब 38 ट्रेनों के रूट डायवर्ट किए गए हैं। यात्रियों को समय-समय पर जानकारी दी जा रही है। इसके अलावा नोटिस भी चस्पा किया गया है।
धीरज कपूर, अधीक्षक, रेलवे स्टेशन पानीपत।