अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। प्रधानमंत्री आवास योजना के जरूरतमंदों से वार्ड-17 में आवेदन के नाम पर तीन-तीन सौ रुपये लेने के मामले में सरकार का नाम आने पर भाजपाई निगम पार्षद सामने आ गए हैं। भाजपा पार्षदों ने डीसी और निगम कमिश्नर से मिलकर इस मामले में निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है। डीसी और निगम कमिश्नर ने विजिलेंस के साथ ही निगम की संयुक्त टीम की जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
भाजपा के वार्ड-24 पार्षद दुष्यंत भट्ट, लाकेश नांगरू, संजीव दहिया, अशोक कटारिया और प्रदीप प्रजापत बुधवार को स्काईलार्क में डीसी डॉ. चंद्रशेखर खरे और निगम कमिश्नर शिवप्रसाद शर्मा से मिले। उन्होंने कहा कि वार्ड-17 में पीएमवाईए के फार्म भरने के नाम पर कुछ लोगों से 300-300 रुपये लिए हैं। इसमें वार्ड पार्षद सुनील वर्मा का नाम सामने आया है। इस संबंध में सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी वायरल हुआ है। उन्होंने इस मामले में उचित कार्रवाई की मांग की है। डीसी और निगम कमिश्नर ने बताया कि इस मामले की विजिलेंस और निगम की संयुक्त टीम पहले ही जांच शुरू कर चुकी है। इन सबके बीच पानीपत ग्रामीण विकास मोर्च के अध्यक्ष सतपाल राणा ने पार्षद सुनील वर्मा पर प्रधानमंत्री आवास योजना के फार्म प्रत्येक फार्म पर 300 रुपये लेने को चिंताजनक बताया है। पार्षद की सफाई पर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने फार्मों की जांच कराने और मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। विदित है कि 25 जून वार्ड-25 में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पात्रों के फार्म जमा किए जा रहे थे। किसी व्यक्ति ने तीन-तीन सौ रुपये लेने की वीडियो सोशल मीडिया पर डाल दी और वीडियो कुछ ही देर में वायरल हो गई। इसमेें पार्षद सुनील वर्मा का नाम सामने आया। इसके बाद वे वार्ड के प्रमुख लोगों के साथ मीडिया से रूबरू हुए थे।