संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर धोखाधड़ी करने के मामले में तीन महिलाओं सहित 11 आरोपी प्रोडक्शन वारंट पर किए हैं। सभी आरोपी दिल्ली में एक फर्जी कॉल सेंटर चला रहे थे।
ये आरोपी फरीदाबाद पुलिस ने किसी अन्य मामले में गिरफ्तार किए थे, जो कि फरीदाबाद जेल में बंद थे। जिन्हें प्रोडक्शन वारंट पर कैथल लाया गया था। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर धोखाधड़ी करने के एक मामले की जांच के दौरान कैथल के थाना साइबर क्राइम एसएचओ पीएसआई शुभ्रांशु की टीम ने दिल्ली निवासी आरोपी साक्षी, खुशबू, अविशका, प्रदीप कुमार, मोहित, विरेंद्र सिंह, रोहित, साहिल, नितिन, आयुष व साहिब को गिरफ्तार किया।
इस मामले में पट्टी अफगान कैथल निवासी गौरव ने शिकायत दी थी कि 18 दिसंबर 2024 को उसके पास अनजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाली युवती ने खुद को बैंक से क्रेडिट कार्ड अधिकारी बताया था। उसने कहा कि आपके क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ जाएगी। युवती के पूछने पर उन्होंने मोबाइल पर आया कोड बता दिया। कोड बताने पर युवती ने उनके क्रेडिट कार्ड के अंतिम 4 अंक व लिमिट बता दी, जिस कारण उन्हें विश्वास हो गया कि युवती बैंक अधिकारी है।
इसके बाद कार्ड की लिमिट बढ़ाने के लिए केवाईसी के नाम पर कार्ड व पहचान पत्र की फोटो काफी मांगी। उसके बाद व्हाटसएप पर कॉल आई, लेकिन कैमरा बंद किया था। उसे वीडियो कॉल पर आई 3 डॉट पर क्लिक करने को कहा और स्क्रीन शेयर करवाई। पेन कार्ड व क्रेडिट कार्ड की फोटो लेने के बाद केवाईसी पूरी होने की बात कहकर कॉल काट दी।
कॉल कटने के बाद खाते से 70 हजार 384 रुपये निकाले जा चुके थे। थाना साइबर क्राइम में इस मामले में केस दर्ज कर लिया गया। व्यापक पूछताछ के लिए आरोपी प्रदीप व साहिल का अदालत से दो दिन का रिमांड हासिल किया गया। जबकि शेष सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।