दो गांवों के ग्रामीणों ने की बस सुविधा की मांग
सनौली। यमुना तलहटी के लगते मतरौली व रमाल गांव के लोगों को आज तक बस सुविधा न मिलने से काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बस की मांग को लेकर ग्रामीण पूर्व परिवहन मंत्री, सांसद, विधायक सहित प्रशासन द्वारा लोगों की समस्याएं सुनने के लिए लगाए जाते खुले दरबार में अपनी समस्या रख चुके हैं लेकिन आश्वासन के सिवाय उन्हें कुछ नहीं हासिल हुआ। ग्रामीणों ने सरकार से मांग करते हुए कहा कि उनके गांवों में बस सुविधा शुरू करवाई जाए। पंचायत ने बस सुविधा शुरू कराने को लेकर जल्द ही मुख्यमंत्री व परिवहन मंत्री से मिलने की बात कही है ।
ग्रामीण सुरत सिंह, सत्तू, मौसीन, सतबीर, मतलू, इरफान, रामकिशन, अशोक आदि ने बताया कि गांव में न तो सरकारी और न निजी बस चलती है। इतना ही नहीं, गांव में ऑटो भी नहीं चलते है। ग्रामीणों को समालखा या बापौली आने-जाने के लिए काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि अगर घर या अन्य किसी कार्य के लिए समालखा या बापौली भी जाना पड़ जाए तो उन्हें राहगीर से लिफ्ट लेकर जाना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि गांव में बस की सुविधा न होने से अधिकतर बच्चे सिर्फ गांव के ही मिडिल स्कूल से ही शिक्षा प्राप्त कर पाते है। अगर किसी को आगे पढ़ना हो तो काफी दिक्कतों को सामना कर आसपास के गांव में चले जाते हैं। सरकार एक तरफ तो बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान जोर शोर से चला रही है। लेकिन यमुना तलहटी के गांव मतरौली व रमाल में बस सुविधा न होने के चलते लड़कियां पढ़ाई से वंचित रह रही है। पूर्व सरपंच अयूब का कहना है कि गांव में बस की मांग को लेकर पूर्व परिवहन मंत्री आफताब अहमद, सांसद, विधायक व अनेक बार खुले दरबार में मांग कर चुके है। उन्होंने कहा कि जहां भी बस चलवाने की मांग की, वहां से सिर्फ आश्वासन मिला। परंतु बस सेवा अभी तक ग्रामीणों को नहीं मिल सकी। अब बस की मांग को लेकर पंचायत जल्द ही मुखयमंत्री व परिवहन मंत्री से मिलने जाएगी ।