झूठा निकला वेतन न देने का आरोप
- सीएलजी की जांच में झूठे मिले आरोप, फैक्ट्री मालिक को दिलाए पैसे
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत।
काबड़ी रोड स्थित फैक्ट्री में काम करने वाले श्रमिक ने फैक्ट्री मालिक पर कई माह का वेतन रोकने व सामान कब्जे में लेने के आरोप लगाते हुए एसपी को शिकायत दी थी। एसपी ने सीएलजी को मामले की जांच करने को कहा। सीएलजी ने दोनों पक्षों से बातचीत करते हुए मामले का पटाक्षेप कर दिया।
जांच में सामने आया कि श्रमिक ने फैक्ट्री मालिक से एडवांस पैसे लिए थे। जिसको देने से बचने के लिए ही इस प्रकार के आरोप लगाए हैं। सीएलजी कार्यालय में दोनों पक्षों को बुलाया गया। जहां श्रमिक ने अपनी गलती मानते हुए 16 हजार रुपये फैक्ट्री मालिक को लौटाए और बाकी राशि भी एक माह तक लौटाने का आश्वासन दिया।
सीएलजी चेयरमैन प्रेम गिरधर ने बताया कि गांव मोहमदीपुर, जिला सीतापुर, यूपी निवासी मोहम्मद हारुन ने आठ अगस्त को एसपी राहुल शर्मा को शिकायत दी थी। जिसमें बताया था कि वह काबड़ी रोड स्थित एक फैक्ट्री में काम करता है। फैक्ट्री मालिक तरुण आहुजा निवासी राजनगर करनाल ने उसका कई माह का वेतन नहीं दिया और अब उसके सामान पर भी कब्जा कर लिया है। एसपी ने मामले को सीएलजी के पास भेजते हुए जांच करने की बात कही।
प्रेम गिरधर ने बताया कि उन्होंने श्रमिक व मालिक दोनों को कार्यालय बुलाकर बारी-बारी से पूछताछ की। पूछताछ में श्रमिक ने बताया कि फैक्ट्री मालिक ने करीब 28 हजार रुपये का वेतन रोका हुआ है और अब सामान पर भी कब्जा कर लिया। वहीं फैक्ट्री मालिक तरुण आहुजा ने बताया कि हारुन ने उससे 28 हजार रुपये एडवांस लिए थे और अब ना तो काम पर आ रहा है और ना ही पैसे वापस दे रहा है। बाद में श्रमिक से बात की गई तो उसने कहा कि पैसे छोड़ो। मेरा केवल सामान ही दिलवा दो। सीएलजी चेयरमैन ने बताया कि श्रमिकों की बातों में सच्चाई नजर न आने पर गहनता से पूछताछ की तो श्रमिक ने बताया कि उसने फैक्ट्री मालिक से 28 हजार रुपये एडवांस लिया था। बाद में वह बीमार हो गया और एडवांस नहीं लौटा पाया। फैक्ट्री मालिक ने उसका सामान कब्जे में ले लिया। जिस कारण फैक्ट्री मालिक पर आरोप लगाते हुए शिकायत दी। श्रमिक ने एडवांस लिया पैसा फैक्ट्री मालिक को देने पर सहमति जताई। मंगलवार को दोनों पक्षों को लघु सचिवालय स्थित सीएलजी कार्यालय में बुलाया गया था। जहां श्रमिक ने 16 हजार रुपये फैक्ट्री मालिक को दिए और बाकी 12 हजार 775 रुपये एक माह के अंदर देने की बात कही। श्रमिक ने कहा कि वह उसकी फैक्ट्री में काम करेगा। जिस पर फैक्ट्री मालिक ने भी सहमति जताई। इस अवसर पर सीएलजी सदस्य विकास आहुजा, कंचन सागर व रश्मि अखोरी मौजूद रहे।