लोकायुक्त टीम ने गबन के आरोपी पूर्व सरपंच का घर खंगाला
समालखा। लोकायुक्त की टीम ने गबन के आरोपी मनाना गांव के पूर्व सरपंच अजय शर्मा के मनाना रोड स्थित घर पर वीरवार को छापा मारकर पूछताछ की। टीम ने पूर्व सरपंच के मकान की तलाशी लेते हुए पुराने रिकॉर्ड को खंगालते हुए अपने कब्जे में ले लिया। सर्च टीम की अगुवाई एसपी लोकायुक्त सुनील दलाल ने की। उनके साथ डीएसपी कृष्ण अग्रोहिया व इंस्पेक्टर लालचंद रहे।
उल्लेखनीय है कि गांव मनाना के आरटीआई कार्यकर्ता राजेंद्र राठी ने गांव के तत्कालीन सरपंच अजय शर्मा पर भ्रष्टाचार के कई आरोप लगाते हुए 15 सितंबर 2014 को शिकायत की थी। इसके बाद लोकायुक्त ने सर्च वारंट जारी कर कार्रवाई के आदेश दिए थे। इसी के चलते वीरवार को लोकायुक्त के एसपी सुनील दलाल के नेतृत्व में डीएसपी कृष्ण अग्रोहिया व इंस्पेक्टर लालचंद की टीम ने रेलवे रोड स्थित सरपंच के निवास पर रेड मारी। करीब छह घंटे तक चली जांच में टीम ने पूर्व सरपंच से पूछताछ करने के साथ ही घर में तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान उन्होंने करीब आठ-दस कट्टे पंचायती रिकार्ड को सील करते हुए कब्जे में ले लिया। लोकायुक्त की कार्रवाई के दौरान डीएसपी समालखा नरेश अहलावत, एसएचओ नवीन सिंधू भी मौजूद रहे।
सात बिंदुओं पर दी थी शिकायत
आरटीआई कार्यकर्ता राजेंद्र राठी ने बताया कि सरपंच अजय शर्मा का कार्यकाल 2010-2015 तक का था। लेकिन भ्रष्टाचार के आरोप के चलते वह अपना टर्म भी पूरा नहीं कर सका और करीब छह महीने पहले ही बर्खास्त कर दिया था। उन्होंने बताया कि उसने 15 सितंबर 2014 को लोकायुक्त में सात बिंदुओं को लेकर शिकायत दी थी। इसमें डबल मस्ट्रोल के जरिये भ्रष्टाचार करना। मृतकों की बुढ़ापा पेंशन डकारना। पंचायती रिकॉर्ड की चोरी की झूठी रिपोर्ट दर्ज कराना रहा। गांव में एसेसमेंट ना करवाना। कमिश्नर पंचायत पॉलिसी 2011 को लागू ना करवाना समेत कई शिकायत दी थी।
गांव मनाना के तीन सरपंचों पर लग चुके हैं आरोप
राजेंद्र राठी ने बताया कि अजय शर्मा सहित दो अन्य पूर्व सरपंचों पर भी भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे। लेकिन उन्हें इस बात का दुख है कि आज तक उनसे गबन की गई राशि की रिकवरी नहीं हो सकी है। लेकिन उन्हें इस सरकार से उम्मीद बंधी है और कार्रवाई होने पर दूसरों को भी सबक मिलेगा।
---------
लोकायुक्त की ओर से मनाना गांव के पूर्व सरपंच अजय शर्मा के मकान का सर्च वारंट जारी किया गया है। इसके आधार पर कार्रवाई की गई है। इस संदर्भ में राजेंद्र राठी गांव मनाना ने लोकायुक्त में शिकायत दी थी। पंचायती रिकॉर्ड को सील कर कब्जे में लिया गया है। इसकी जांच की जाएगी।
-सुनील दलाल, एसपी लोकायुक्त पानीपत।