चंडीगढ़। पंजाब में आगामी लोकसभा चुनाव में भाजपा-अकाली दल का गठबंधन नहीं होगा। भाजपा अकेले ही लोकसभा चुनाव में उतरेगी। किसान आंदोलन के कारण पंजाब में भाजपा और अकाली दल का 25 साल पुराना गठबंधन अब होता नजर नहीं आ रहा। इसको लेकर पंजाब भाजपा प्रभारी विजय रूपाणी ने वीरवार को सेक्टर-37 स्थित कार्यालय में बैठक के दौरान बातचीत में संकेत दिए। उन्होंने कहा कि गठबंधन को लेकर पार्टी हाईकमान कोई विचार नहीं कर रही है। विजय रूपाणी ने इस दौरान पंजाब भाजपा के सभी सेल कन्वीनरों के साथ बैठक की। बैठक में रूपाणी ने सेल कन्वीनराें को केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सरकार की नीतियों को जनहित तक पहुंचाने के लिए कहा। इस दौरान बैठक में पंजाब भाजपा सेल के कन्वीनर रंजम कामरा, सह प्रभारी नरिंदर सिंह राणा, संगठन मंत्री, प्रदेश महासचिव परमिंदर सिंह बराड़ और राकेश राठौर उपस्थित रहे। बैठक में प्रदेशाध्यक्ष सुनील जाखड़ मौजूद नहीं रहे।
जमीनी स्तर पर जाकर लोगों का फीडबैक लें
पंजाब भाजपा प्रभारी ने सेल कन्वीनरों को कहा कि वह जमीनी स्तर पर जाकर केंद्र सरकार की नीतियों से लोगों को अवगत कराएं। उन्होंने सेल कन्वीनरों से कहा कि वह जमीनी स्तर से अपने इलाकों में लोगों से जुड़े हुए हैं। ऐसे में केंद्र की नीतियों को लेकर लोगों से फीडबैक भी लिया जाना चाहिए। यहां तक की लोगों के सुझावों को पार्टी की प्रदेश इकाई और हाईकमान तक यह सुझाव और फीडबैक जाने चाहिए। रूपाणी ने पंजाब भाजपा के सभी कार्यकर्ताओं और नेताओं को लोकसभा चुनाव की तैयारी के लिए एकजुट होने के लिए कहा है।